Gujarat Election: चुनाव आयोग की हमेशा से कोशिश रही है कि हर शख्स अपने वोट का इस्तेमाल जरूर करे, इसके लिए वो हर सुविधा को जनता के लिए उपलब्ध करता है। ऐसा ही एक नजारा गुजरात चुनाव के दौरान भी देखने को मिला है। गुजरात में सिर्फ एक शख्स के लिए चुनाव आयोग ने एक पोलिंग बूथ बनवाया है, वो भी जंगल के बीचो-बीच।
मतदान करने के बाद अपना पहचान पत्र दिखाते हुए महंत हरिदास
महंत के लिए बूथ
इस बूथ पर वोट डालने वाले एक महंत है। महंत हरिदास जी उदासीन के लिए बकायदा चुनाव आयोग के 15 कर्मचारियों की एक टीम इस बूथ को बनाती है। यहां उसी प्रकार की सभी व्यवस्था की जाती है, जैसे आम बूथों पर होती है। इस बूथ पर हमेशा का रिकॉर्ड रहा है कि यहां 100 प्रतिशत वोटिंग होती है। जो शायद ही किसी बूथ पर होती होगी।
गिर के जंगलों में बूथ
चुनाव आयोग ने सोमनाथ जिले के गिर के जंगल में यह बूथ बनाया है। जहां महंत हरिदास रहते हैं। महंत हरिदास ऊना विधानसभा क्षेत्र के मतदाता हैं। उनकी वोटिंग के लिए 15 लोगों की टीम 25 किलोमीटर का सफर तय कर पोलिंग बूथ तक पहुंचती है। मंदिर के पास वन विभाग के कार्यालय में मतदान केंद्र बनाया गया है।
पहले भी बना था यहां बूथ
चुनाव आयोग ने लोकसभा और जिला परिषद चुनाव के दौरान भी यहां बूथ बनाया था। पहले महंत हरिदास के गुरु भरत दास यहां के एकमात्र मतदाता हुआ करते थे, लेकिन उनका निधन हो गया। घने जंगल में मोबाइल फोन काम नहीं करते, इसलिए वन विभाग के वायरलेस सिस्टम का इस्तेमाल किया जाता है। इसके अलावा गिर वन क्षेत्र में आदिवासी मतदाताओं के लिए सात और मतदान केंद्र बनाए गए हैं।
