Battle for Baramati Lok Sabha Seat: इस लोकसभा चुनाव में महाराष्ट्र में काफी दिलचस्प मुकाबला बारामती में माना जा रहा है जहां पवार बनाम पवार की टक्कर है, जी हां शरद पवार यानी चाचा और भतीजे अजीत पवार इस बार आमने सामने हैं, इस सीट से शरद पवार की बेटी सुप्रिया राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) और अजित पवार की पत्नी सुनेत्रा राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार के तौर पर आमने सामने हैं।
महाराष्ट्र में काफी दिलचस्प मुकाबला बारामती में माना जा रहा है
यानी इस बार के लोकसभा चुनाव में ननद और भाभी के बीच जंग देखने को मिल रही है एक ही परिवार के दो सदस्य इस सीट से चुनावी मैदान में हैं। एक शरद पवार की बेटी हैं, तो दूसरी उनकी बहू हैं, गौर हो कि दोफाड़ हुई राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के दोनों मुखिया शरद पवार और भतीजे अजीत पवार की पार्टियों का भविष्य भी इस सीट का नतीजा निर्धारित करेगा।
बारामती में भाभी बनाम ननद की जंग है दिलचस्प
महाराष्ट्र की बारामती सीट का इतिहास की बात करें तो कुल 20 बार हुए लोकसभा चुनाव में अब तक भाजपा को एक बार भी इस सीट से जीत नसीब नहीं हुई है गौर हो कि इस सीट पर पवार परिवार का लंबे वक्त से कब्जा है इस दफा यहां इस बार भाभी बनाम ननद की जंग हो रही है।सुनेत्रा पवार बरामती से पहली बार चुनाव लड़ अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत कर रही हैं।
मुख्यमंत्री शिंदे बोले-'अबकी बार, सुनेत्रा पवार'
इलेक्शन में मुख्यमंत्री शिंदे ने रैली को संबोधित करते हुए कहा था कि बारामती में बदलाव निश्चित है। इसी के साथ उन्होंने नारा दिया कि 'अबकी बार, सुनेत्रा पवार'। फडणवीस ने कहा कि बारामती में एक नया इतिहास रचा जाएगा क्योंकि 'बारामती की बहू' दिल्ली जाएगी।
सुप्रिया सुले इस सीट से लगातार तीन बार से सांसद चुनी जा रही हैं
बारामती सीट पर शरद पवार छह बार इस सीट से सांसद चुने जा चुके हैं वहीं उनकी बेटी सुप्रिया सुले इस सीट से लगातार तीन बार से सांसद चुनी जा रही हैं साल 1991 में उनके भतीजे अजित पवार ने चुनाव जीता था। हालांकि उन्होंने इसके बाद इस्तीफा दे दिया था और उपचुनाव में शरद पवार सांसद चुने गए थे।
सुनेत्रा पवार की सियासी पारी की शुरुआत
सुनेत्रा पवार को सियासी पारी की शुरुआत देश के सबसे अहम चुनाव यानी लोकसभा से करनी पड़ रही है बताते हैं कि अजीत पवार का ताकतवर जनसंपर्क उनकी बड़ी ताकत है सुनेत्रा ने अपनी सभाओं में मोदी के हाथ मजबूत करने के लिए वोट मांगे थे। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक वोटिंग वाले दिन जहां सुप्रिया सुले अजित पवार के घर पर गई और उनका मां आशा पवार से आशीर्वाद लिया तो वहीं बूथ पर मां का हाथ पकड़ गए अजित पवार ने फिल्मी स्टाइल में कहा था कि 'मेरे पास मां हैं।'
