Aam Aadmi Party News: मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनावों में आम आदमी पार्टी (आप) के सभी 205 उम्मीदवारों को हार झेलनी पड़ी है। सभी सीटों पर आप हार गई और तीनों राज्यों में से किसी में भी 1% वोट हासिल करने में नाकाम रही। अगले साल के आम चुनावों से पहले, नतीजे कहीं न कहीं आम आदमी पार्टी के लिए एक तगड़ा झटका है जो दिल्ली और पंजाब पर शासन करती है और लोकसभा चुनावों में बेहतर प्रदर्शन करने का दंभ भरती है।
आम आदमी पार्टी का अब क्या होगा?
आम आदमी पार्टी की उम्मीदों पर फिरा पानी
भारतीय चुनाव आयोग के आंकड़ों से पता चलता है कि पार्टी ने मध्य प्रदेश में 66, राजस्थान में 85 और छत्तीसगढ़ में 54 सीटों पर चुनाव लड़ा था, लेकिन हर सीट पर उसे हार मिली। मध्य प्रदेश में पार्टी को केवल 0.53% वोट मिले, जो नोटा (0.98%) से भी कम है, जबकि छत्तीसगढ़ में उसे 0.93% वोट मिले। राजस्थान में पार्टी को कुल वोटों का सिर्फ 0.38% वोट मिले।
लोकसभा चुनावों से पहले बढ़ी आप की चिंता
विधानसभा चुनाव के नतीजों निश्चित तौर पर AAP के लिए चिंता बढ़ा दी है। लोकसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस के खिलाफ चुनाव लड़ने की जिद की वजह से आप का कद इंडिया गठबंधन में कहीं न कहीं कम हुआ है। संभवतः पार्टी की राष्ट्रीय महत्वाकांक्षाओं को झटका लगेगा, जो 2022 में पंजाब जीतने के बाद से हर किसी के नजर में आ गई हैं। बता दें, आम आदमी पार्टी ने गोवा विधानसभा चुनावों में दो सीटें और गुजरात में पांच सीटें जीतीं, लेकिन कर्नाटक और उत्तराखंड में उसे कोई सीट नहीं मिली।
हार पर आम आदमी पार्टी ने क्या कहा?
आम आदमी पार्टी ने तीन राज्यों में जीत के लिए भाजपा को और तेलंगाना में जीत के लिए कांग्रेस को बधाई दी, लेकिन यह भी कहा कि नतीजे 2024 के आम चुनावों से पहले पक्ष में नहीं रहे। पार्टी ने एक बयान में कहा कि 'लोगों की इच्छा के आगे हम झुकते हैं और 3 राज्यों में जीत के लिए बीजेपी को बधाई देते हैं। हालांकि यह लोकसभा के लिए देश के मूड का बखान नहीं करता है, क्योंकि कांग्रेस ने 2018 में एमपी, छत्तीसगढ़ और राजस्थान में जीत हासिल की थी लेकिन 2019 लोकसभा में बीजेपी ने जीत हासिल की थी।'
'INDIA' के लिए चिंता बन सकती है AAP
गठबंधन 'इंडियन नेशनल डेवलपमेंट इंक्लूसिव अलायंस' (INDIA) के 28 विपक्षी पार्टियों में से आम आदमी पार्टी एक है। आप ने अपने बयान में कहा कि 'INDI गठबंधन की अगली चर्चा अब 6 दिसंबर को दिल्ली में होगी, जिसमें हम भविष्य की रणनीति तय करेंगे।' बीते कुछ दिनों से विपक्षी गठबंधन 'इंडिया' की कई पार्टियों के बीच गरमा-गरमी का सिलसिला तेज हो गया है। कांग्रेस बनाम आप, कांग्रेस बनाम टीएमसी, कांग्रेस बनाम सपा की लड़ाई खुलकर सामने आ चुकी है। ऐसे में देखना ये होगा कि क्या लोकसभा चुनाव 2024 के पहले ये पार्टियां बिखर जाती हैं या गठबंधन की गाड़ी आगे बढ़ती है।
