DU's Bhimrao Ambedkar College Orientation program: नए शिक्षण वर्ष की शुरुआत व प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों के आगमन के अवसर पर दिल्ली विश्वविद्यालय के डॉ. भीमराव अम्बेडकर कॉलेज में ओरिएंटेशन प्रोग्राम का आयोजन गुरुवार को किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य नए छात्रों को कॉलेज के वातावरण से परिचित कराना, विभिन्न विभागों एवं सुविधाओं के बारे में जानकारी देना और उन्हें आगामी शैक्षणिक वर्ष के लिए तैयार करना था।
DU's Bhimrao Ambedkar College Orientation program
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि दिल्ली विश्वविद्यालय के डीन प्रो. बलराम पाणी रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) दीपक चंद्रा को आमंत्रित किया गया। कॉलेज के प्राचार्य प्रो. सदानंद प्रसाद और कार्यक्रम संयोजिका तुष्टि भारद्वाज ने अतिथियों का स्वागत किया। प्राचार्य प्रो. सदानंद प्रसाद ने छात्रों को स्वागत संबोधन देते हुए कहा कि कॉलेज का समय एक स्वर्ण काल होता है जहां हमे जीवन जीने के ढंग और सामाजिक व्यवहार की कला सिखाई जाती है, जो आगे चलकर आपके सफलता का एक माध्यम बनता है।
मुख्य अतिथि प्रो. बलराम पाणी ने अपना वक्तव्य देते हुए कहा कि हमारे देश के विद्यार्थियों के लिए दिल्ली विश्वविद्यालय के किसी भी कॉलेज में प्रवेश मिलना एक सौभाग्य की बात होती है। यहां पर आकर प्रत्येक विद्यार्थी गर्व महसूस करता है, जहां पर उसे ज्ञान-विज्ञान के साथ-साथ संस्कृति और विभिन्न कलाओं की शिक्षा दी जाती है। इन्होंने कहा कि एक छात्र को हमेशा ईमानदार और अनुशासित रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को अपने सर्वांगीण विकास के लिए शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ अन्य गतिविधियों जैसे खेल, शारीरिक विकास आदि पर भी ध्यान देना चाहिए। दिल्ली विश्वविद्यालय में आपको पूर्ण रूप से प्रशिक्षित और अनुभवी शिक्षक मिलेंगे, जिनसे आप ज्ञान प्राप्त कर राष्ट्र और स्व- निर्माण बेहतर ढंग से कर सकते हैं।
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि एसीपी दीपक चंद्रा ने कहा कि छात्रों को कॉलेज की डिग्री को औपचारिकता मात्र नहीं समझना चाहिए बल्कि हमें सभी कामों को पूरे समर्पण एवं लगन के साथ करना चाहिए। प्रतिभाएं सभी के भीतर होती हैं, उनको केवल समझने और उस क्षेत्र में कार्य करने की आवश्यकता है। कार्यक्रम के दौरान कॉलेज के सभी विभागों के प्रभारी डॉ चित्रा रानी, डॉ तूलिका सनाढ्य, डॉ रवि शंकर, डॉ एस एस चावला, डॉ अरविन्द यादव, डॉ सुनीता चाकी, डॉ आरती ढींगरा, डॉ सोनिया अग्रवाल, डॉ तमाल दास गुप्ता, महेन्द्र सिंह कादयान, डॉ सरला भारद्वाज, डॉ आर पी द्विवेदी, डॉ के के शर्मा और अन्य प्रोफेसर, सहायक प्रोफेसर के साथ-साथ देश के विभिन्न हिस्सों से आए हुए छात्रों के अभिभावक भी उपस्थित रहे।
