CBSE Re Evaluation Technical glitch: CBSE कक्षा 12 के परिणामों को लेकर पिछले कई दिनों से चल रहा विवाद मंगलवार को भी थमता नजर नहीं आया। बोर्ड द्वारा री-वैल्यूएशन और मार्क्स वेरिफिकेशन के लिए पोर्टल खोल दिया गया है, लेकिन देशभर से छात्रों और अभिभावकों की शिकायतों की बाढ़ आ गई है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर सुबह से ही छात्र लगातार पोस्ट कर रहे हैं। किसी को आवेदन के दौरान एरर मैसेज मिल रहा है, तो किसी का भुगतान होने के बाद भी आवेदन सफल हुआ या नहीं, इसकी पुष्टि नहीं हो पा रही है। कई छात्रों का कहना है कि पोर्टल बार-बार क्रैश हो रहा है, जबकि कुछ छात्रों को लॉग-इन करने में भी दिक्कत आ रही है।
CBSE Re Evaluation
पहले OSM विवाद, अब पोर्टल की परेशानी
यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ जब इस वर्ष CBSE ने पहली बार बड़े पैमाने पर ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली के जरिए उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन कराया। रिजल्ट जारी होने के बाद हजारों छात्रों ने दावा किया कि उनके प्राप्तांक उम्मीद से काफी कम हैं और कई विषयों में अंकन को लेकर गंभीर सवाल उठे।
बोर्ड ने छात्रों को पहले उत्तर पुस्तिका की फोटोकॉपी, फिर अंक सत्यापन और उसके बाद री-वैल्यूएशन का विकल्प दिया। लेकिन इस बार प्रक्रिया में हुए बदलाव और देरी के कारण छात्रों में पहले से ही असमंजस की स्थिति बनी हुई थी।
JEE और कॉलेज एडमिशन का दबाव
सबसे ज्यादा चिंता उन छात्रों को है जिन्होंने JEE Advanced क्वालिफाई किया है और जोसा (JoSAA) काउंसलिंग की तैयारी कर रहे हैं। छात्रों का कहना है कि यदि री-वैल्यूएशन प्रक्रिया समय पर पूरी नहीं हुई या आवेदन ही सफल नहीं हो पाया तो उनके कॉलेज एडमिशन पर असर पड़ सकता है। कई छात्र सोशल मीडिया पर लिख रहे हैं कि वे घंटों से आवेदन करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन तकनीकी समस्याओं के कारण प्रक्रिया पूरी नहीं हो पा रही है।
देशभर से आ रही शिकायतें
दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, कर्नाटक और अन्य राज्यों से छात्रों ने पोर्टल से जुड़ी दिक्कतों की शिकायत की है। X पर कई पोस्ट में छात्रों ने स्क्रीनशॉट साझा कर बताया कि आवेदन के दौरान "Technical Error", "Service Unavailable" और "Payment Processing Failed" जैसे संदेश दिखाई दे रहे हैं। कुछ छात्रों का कहना है कि फीस जमा होने के बावजूद आवेदन की स्थिति स्पष्ट नहीं है, जिससे उनकी चिंता और बढ़ गई है।
अगर आवेदन नहीं हो पाया तो क्या होगा?
छात्रों और अभिभावकों की सबसे बड़ी चिंता यही है कि यदि अंतिम तिथि तक तकनीकी समस्या बनी रहती है तो उनका री-वैल्यूएशन या वेरिफिकेशन का अधिकार प्रभावित हो सकता है।
छात्रों की मांग
सोशल मीडिया पर छात्र लगातार CBSE और शिक्षा मंत्रालय से मांग कर रहे हैं कि पोर्टल की तकनीकी खामियों को तुरंत दूर किया जाए, आवेदन प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाए। हालांकि, CBSE से जुड़े सूत्रों का कहना है कि 2 जून को शुरू हुआ री-वैल्यूएशन और वेरिफिकेशन पोर्टल सामान्य रूप से काम कर रहा है और बड़ी संख्या में छात्र बिना किसी परेशानी के सफलतापूर्वक आवेदन कर रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक, कुछ तकनीकी दिक्कतों की शिकायतें जरूर सामने आई हैं, लेकिन उन्हें तत्काल ठीक किया जा रहा है। अधिकारियों का दावा है कि पोर्टल पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और किसी भी समस्या का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है।
