Madhya Pradesh News: मध्य प्रदेश के निवाड़ी जिले से इंसानियत को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक पिता ने अपनी महज दो माह की दुधमुंही बेटी की गला घोंटकर हत्या कर दी। बताया जा रहा है कि आरोपी को अपनी पत्नी के चरित्र पर शक था। इसी शक और गुस्से में उसने अपनी मासूम बेटी की जान ले ली। हत्या के बाद आरोपी ने बच्ची के शव को घर के पास नीम के पेड़ के नीचे गड्ढा खोदकर दफना दिया। हालांकि, उसका यह खौफनाक राज ज्यादा देर तक छिप नहीं सका। आरोपी के ही बच्चों ने मां के सामने पिता की करतूत का खुलासा कर दिया, जिसके बाद पुलिस ने बच्ची का शव बरामद कर आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया।
शक और गुस्से में पिता ने पार की क्रूरता की हदें (प्रतीकात्मक फोटो)
बच्चों ने मां को बताई पिता की करतूत
पूरा मामला निवाड़ी जिले के पृथ्वीपुर थाना क्षेत्र के बिरौरा पहाड़ गांव का है। पुलिस के मुताबिक, संतोष आदिवासी ने 1 अक्टूबर 2026 को अपनी दो माह की बेटी कामिनी की गला घोंटकर हत्या कर दी। इसके बाद उसने घर के पास लगे नीम के पेड़ के नीचे गड्ढा खोदा और बच्ची के शव को उसमें दफना दिया। पुलिस के अनुसार, आरोपी की बड़ी बेटी बानी ने पिता को बच्ची की हत्या करते हुए देख लिया था। इसके बाद उसने गांव में मजदूरी करने गए अपने भाई भरत आदिवासी को भी घर बुलाया। दोनों बच्चों ने जब पिता की यह हरकत देखी तो वे बुरी तरह डर गए। आरोप है कि संतोष ने दोनों बच्चों को धमकाया और किसी को भी घटना के बारे में बताने से मना कर दिया। इसके बाद उसने बच्ची के शव को नीम के पेड़ के नीचे दफना दिया।
पत्नी के लौटने पर खुला खौफनाक राज
बताया जा रहा है कि पति से विवाद के बाद आरोपी की पत्नी करीब 15 दिन पहले अपने मायके चली गई थी। बाद में जब वह वापस घर लौटी तो परिवार में बातचीत के दौरान बच्चों ने उसे पिता की पूरी करतूत बता दी। बच्चों से घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजनों ने तत्काल पृथ्वीपुर पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और तहसीलदार की मौजूदगी में नीम के पेड़ के नीचे खोदे गए गड्ढे से बच्ची का शव बाहर निकलवाया। इसके बाद शव का शॉर्ट पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम में बच्ची की गला दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई।
आरोपी पिता गिरफ्तार, जेल भेजा गया
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी संतोष आदिवासी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, पत्नी के चरित्र पर संदेह को इस वारदात की वजह बताया जा रहा है। इस घटना ने एक बार फिर दिखा दिया कि शक और गुस्सा किस तरह इंसान को ऐसी क्रूरता तक पहुंचा सकता है, जहां एक पिता ने अपनी ही दो माह की मासूम बेटी की जान ले ली।
