Varanasi Cyber Cell: यूपी एसटीएफ और मुंबई पुलिस ने संयुक्त रूप से छापेमारी कर सारनाथ के संदहा चौराहे से अंतरराज्यीय साइबर जालसाज को गिरफ्तार किया है। यह लोगों के डेबिट कार्ड बदलकर उनके खाते से रुपए निकाल लेता था। इसके कब्जे से पुलिस ने विभिन्न बैंकों के 46 डेबिट कार्ड और 45 हजार रुपए जब्त किए हैं। इसके खिलाफ मुंबई के विरार काशिमिरा थाने में धोखाधड़ी समेत अन्य आरोपों में केस दर्ज हैं।
वाराणसी में पकड़ा गया अंतरराज्यीय ठग। (सांकेतिक फोटो)
वाराणसी एसटीएफ फील्ड इकाई के निरीक्षक अनिल कुमार सिंह का कहना है कि, गिरफ्तार आरोपी आफताब खान शिवपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत चांदमारी स्थित एक कॉलोनी का रहने वाला है। इस पर मुंबई में दर्ज केस की विवेचना के दौरान मुंबई पुलिस को सूचना मिली थी कि, आरोपी वाराणसी में हैं।
हमेशा कई बैंकों में डेबिड कार्ड लेकर चलता था
गिरफ्तार जालसाज आफताब ने मुंबई पुलिस एवं यूपी एसटीएफ को बताया है कि, वह हमेशा अपने साथ कई कंपनियों का डेबिट कार्ड रखता था। एटीएम बूथ में पहले से मौजूद शख्स का डेबिट कार्ड देखकर वह अपने पास रखे हुए कार्ड का रंग मिलाकर उस शख्स के कार्ड से बदल लेता था। फिर उस शख्स से चालाकी से उसके कार्ड का पिन मालूम कर लेता था। आरोपी ने यह भी बताया कि, वह किराए पर वाहन लेकर घूमता रहता था और मौका देखकर ठगी को अंजाम दिया करता था।
ठाने में हरिदास राजाराम का कार्ड बदलकर निकाले थे रुपए
जालसाज ने पुलिस को बताया कि, उसने मुंबई के ठाने क्षेत्र में हरिदास राजाराम बांते का डेबिट कार्ड बदलकर उनके खाते से रुपए की निकासी की थी। इसी मामले में पुलिस ने उसके खिलाफ केस दर्ज किया था। फिर मामले की जांच करते-करते मुंबई पुलिस वाराणसी तक पहुंच गई। आरोपी ने बताया कि, वह यह काम 2013 से ही कर रहा है। वहीं, पुलिस जांच में पता चला है कि, 2013 में साहेर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर विदेशी पर्यटकों का फर्जी तरीके से डॉलर बदलने का काम किया करता था। विदेशी पर्यटकों के पैसों की हेराफेरी करता था। इसने एक पर्यटक की गाड़ी चुराकर उसके रुपए लूट लिए थे। यह 2017 में हत्या के प्रयास में जेल भी जा चुका है।
