Ujjain Shahi Masjid Update: उज्जैन में सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत चल रहे सड़क चौड़ीकरण अभियान के बीच गोपाल मंदिर के पास स्थित ऐतिहासिक शाही मस्जिद को लेकर विवाद बढ़ गया है। प्रशासन की ओर से इस मस्जिद को चौड़ीकरण की जद में बताते हुए नोटिस दिए जाने के बाद से मुस्लिम समाज इसका कड़ा विरोध कर रहा है। इस पूरे संवेदनशील मामले पर आज यानी सोमवार को इंदौर हाईकोर्ट की डबल बेंच में सुनवाई होगी, जिसके बाद यह स्पष्ट हो जाएगा कि शाही मस्जिद टूटेगी या बचेगी।
उज्जैन की शाही मस्जिद पर सोमवार को हाईकोर्ट में सुनवाई
एकलपीठ के फैसले के खिलाफ अपील
मुस्लिम समाज ने सड़क चौड़ीकरण के खिलाफ पहले इंदौर हाईकोर्ट की सिंगल बेंच में याचिका दायर की थी। जिसे करीब 17 दिन पहले कोर्ट ने खारिज कर दी थी। इसके बाद इस फैसले को चुनौती देते हुए डबल बेंच में अपील दाखिल की गई है। जिस पर आज होने वाली सुनवाई पर पूरे उज्जैन शहर की निगाहें टिकी हुई हैं।
मस्जिद तोड़े जाने की अफवाह के बाद जुटी भीड़
शनिवार रात शहर में अचानक यह अफवाह फैल गई कि प्रशासन गोपाल मंदिर स्थित शाही मस्जिद को तोड़ने की कार्रवाई करने जा रहा है। इसके बाद बड़ी संख्या में लोग मस्जिद के बाहर जमा हो गए और विरोध-प्रदर्शन शुरू कर दिया। रविवार को भी मस्जिद के आसपास लोगों की भीड़ देखी गई।
इमाम ने मस्जिद को बचाने की अपील की
शाही मस्जिद के इमाम मोहम्मद इब्राहिम ने दावा किया कि मस्जिद 1390 में बनी थी और यह उज्जैन की प्राचीन धरोहरों में से एक है। उन्होंने प्रशासन से सड़क चौड़ीकरण की कार्रवाई से मस्जिद को अलग रखने की अपील की। इमाम ने कहा कि इससे पहले शहर में जब भी सड़क चौड़ीकरण हुआ है, तब धार्मिक स्थलों को सुरक्षित छोड़ दिया गया था। उन्होंने प्रशासन को हर तरह के सहयोग का भरोसा भी दिया। उनका कहना है कि मस्जिद का ढांचा काफी नाजुक है और इसके साथ थोड़ी सी भी छेड़छाड़ की गई तो पूरी इमारत भरभरा कर गिर सकती है।
600 से ज्यादा जवानों ने किया फ्लैग मार्च
मामले को लेकर तनाव की आशंका के बीच उज्जैन पुलिस ने रविवार को शहर में फ्लैग मार्च निकाला। महाकाल, कोतवाली, खाराकुआ और जीवाजीगंज समेत संवेदनशील इलाकों में जिला पुलिस, RAF और STF के 600 से ज्यादा जवानों ने पैदल मार्च किया। पुलिस ने कहा कि शहर में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए धार्मिक स्थलों और संवेदनशील इलाकों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है और अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की बात कही है।
