देहरादून: दिल्ली के दो कांवड़िया उत्तराखंड में गंगोत्री-गोमुख मार्ग पर गुरुवार को उस समय उफनती नहर में बह गए जब मार्ग पर बना अस्थायी लकड़ी का पुल अचानक बढ़े जलस्तर से टूट गया। दिल्ली के रहने वाले सूरज और मोनू, चिरबासा नहर पार करते समय पुल टूट जाने से पानी की तेज धार में बह गए। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिस स्थान पर यह घटना घटी वह गंगोत्री से करीब नौ किलोमीटर दूर है।
गंगोत्री-गोमुख में 2 कांवडिया डूबे
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नदी का जलस्तर अचानक बढ़ा
उन्होंने बताया कि ग्लेशियर पिघलने के कारण नदी का जलस्तर अचानक बढ़ गया। उत्तरकाशी के जिलाधिकारी मेहरबान सिंह बिष्ट ने गंगोत्री राष्ट्रीय उद्यान के उपनिदेशक को नदी में बहे कांवड़ियों की तलाश करने और गोमुख में फंसे तीर्थयात्रियों को सुरक्षित निकालने का निर्देश दिया है। उन्होंने चिरबासा नदी पर तत्काल वैकल्पिक पुल बनाने के भी निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी ने बताया कि गोमुख की ओर भोजवासा के पास गढ़वाल मंडल विकास निगम के विश्राम गृह और अन्य आश्रमों में 35 तीर्थयात्री सुरक्षित हैं। उन्होंने बताया कि वन विभाग की टीम मौके पर मौजूद है।
10 युवाओं का रेस्क्यू
इसके अलावा एसडीआरएफ ने देहरादून में रॉबर्स गुफा के पास द्वीप पर फंसे 10 युवाओं को बचाया है। ये सभी घूमने के वास्ते यहां पहुंचे थे। लेकिन, अचानक जलस्तर बढ़ने से फंस गए। एसडीआरएफ ने सूचना मिलते ही रेस्क्यू अभियान शुरू किया और सभी को सुरक्षित कर लिया।
(इनपुट-भाषा)
