Varanasi News: पांच साल का एक बच्चा, जो स्कूल तो पढ़ने के लिए गया था, लेकिन वापस ऐसी चोट लेकर लौट, जिसके निशान जीवन भर के लिए उसके शरीर और दिलोदिमाग पर छप गए। जो शिक्षिका उसे अच्छे और बुरे सीखाने वाली थी, दुनिया के नियम बताने वाली थी, भविष्य का निर्माण कैसे होगा ये समझाने वाली थी, उसी ने मासूम को ये चोट दे डाली। घटना उत्तर प्रदेश के वाराणसी की है, जहां एक शिक्षिका ने बच्चे के प्राइवेट पार्ट को ही जला दिया।
वाराणसी में बच्चे के प्राइवेट पार्ट को शिक्षिका ने जलाया (प्रतीकात्मक फोटो- Canva)
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उत्तर प्रदेश के वाराणसी स्थित पांडेपुर क्षेत्र से ये रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक निजी स्कूल की शिक्षिका ने नर्सरी में पढ़ने वाले मासूम बच्चे के साथ हैवानियत की सारी हदें पार कर दीं। कक्षा में बच्चे के पैंट में ही टॉयलेट कर देने से नाराज शिक्षिका ने गुस्से में आकर चाकू गर्म किया और मासूम का प्राइवेट पार्ट जला दिया। इस दर्दनाक वारदात के बाद परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी शिक्षिका, स्कूल प्रबंधन और प्रधानाचार्य के खिलाफ संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
मासूम ने मांगा था बाथरूम जाने का वक्त
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पांडेपुर क्षेत्र निवासी केसरी कुमार का बेटा स्थानीय निजी स्कूल में नर्सरी का छात्र है। घटना के समय बच्चे ने अपनी शिक्षिका प्रीति कुशवाहा से टॉयलेट जाने की अनुमति मांगी थी। शिक्षिका के मना करने पर बच्चा खुद पर नियंत्रण नहीं रख सका और उसने पैंट में ही टॉयलेट कर दिया।
दूसरे कमरे में ले जाकर दी दर्दनाक सजा
बच्चे के पैंट खराब करने से शिक्षिका इस कदर आगबबूला हो गई कि वह मासूम को घसीटते हुए एक दूसरे कमरे में ले गई। आरोप है कि वहां उसने रसोई का चाकू गर्म किया और बच्चे के प्राइवेट पार्ट को दाग दिया। बर्बरता यहीं नहीं रुकी, इसके बाद शिक्षिका ने बच्चे की जमकर पिटाई भी की और मुंह खोलने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी।
घर पहुंचकर खुली पोल
मासूम जब घर पहुंचा तो वह काफी डरा-सहमा हुआ था और दर्द से रो रहा था। जब परिजनों ने उससे कारण पूछा, तो उसने शिक्षिका की पूरी करतूत बयां कर दी। बच्चे की बात सुनकर और उसके शरीर पर चोट के निशान देखकर परिजनों के होश उड़ गए। परिजन तुरंत बच्चे को लेकर स्थानीय पुलिस थाने पहुंचे और न्याय की गुहार लगाई।
पुलिस की सख्त कार्रवाई
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है। पुलिस ने आरोपी शिक्षिका प्रीति कुशवाहा, स्कूल प्रबंधन और प्रधानाचार्य के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है। इन धाराओं में BNS 115(2): स्वेच्छा से चोट पहुंचाने के लिए, BNS 118(1): खतरनाक हथियारों/साधनों से गंभीर चोट पहुंचाने के लिए और BNS 351(2): आपराधिक धमकी देने के लिए शामिल है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों और अभिभावकों में भारी आक्रोश व्याप्त है।
