Rohit Pawar NCP Merger Statement: राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के दोनों गुटों के एक होने की संभावना को लेकर नेताओं के बयान पर सवाल उठाते हुए राकांपा (शरदचंद्र पवार) गुट के विधायक रोहित पवार ने कहा कि इस साल जनवरी में अजित पवार के निधन के बाद इस मुद्दे पर नेताओं ने अलग-अलग और विरोधाभासी बयान दिए हैं।
'क्या सुनेत्रा पवार पर दबाव बनाने का हो रहा प्रयास?' NCP के विलय पर नेताओं के विरोधाभासी दावों पर भड़के रोहित पवार
उन्होंने कहा कि राकांपा के तत्कालीन प्रमुख अजित पवार चाहते थे कि पवार परिवार एकजुट रहे और भीतर मतभेद न हो। करजत-जामखेड के विधायक रोहित पवार ने कहा कि अजित पवार यह भी चाहते थे कि पार्टी के दोनों गुट फिर से एक हो जाएं।
एक वजह शरद पवार की उम्र
उन्होंने कहा कि इसके पीछे पार्टी के वरिष्ठ नेता शरद पवार की उम्र भी एक वजह थी। शरद पवार अब 85 साल के हैं और राकांपा (शप) का नेतृत्व कर रहे हैं।
रोहित पवार ने कहा कि अजित पवार ने नगर निगम और जिला परिषद चुनावों में भाजपा का मुकाबला करने के लिए सड़कों पर उतरकर संघर्ष किया था।
सुनेत्रा अजीत पवार पर दबाव बनाने की कोशिश?
उन्होंने कहा कि अजित पवार के निधन के बाद कई नेताओं ने बयान दिया था कि दोनों गुटों को एक करने को लेकर कोई बातचीत नहीं हुई थी, लेकिन अब उनमें से कुछ नेता दावा कर रहे हैं कि अगर अजित पवार जीवित होते तो दोनों गुटों का विलय हो गया होता। रोहित पवार ने कहा कि इस तरह के विरोधाभासी बयान शायद सुनेत्रा अजीत पवार (महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री) पर दबाव बनाने की कोशिश हो सकते हैं, जो अब राकांपा की प्रमुख हैं।
पढ़ें- मामला विस्तार से
बता दें कि महाराष्ट्र की राजनीति में हलचल तेज है। यह राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के दोनों गुटों में चल रही है। शरद पवार खेमा और अजित पवार गुट के कुछ नेता आपस में विलय चाहते हैं। वे चाहते हैं कि अब कोई गुट न रहे, पहले की तरह बस एक राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी रहे। विलय और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) में शामिल होने की अकटलों के पीछे बीते दिनों एनसीपी अजित पवार गुट के बड़े नेताओं की केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात और फिर प्रफुल्ल पटेल की अस्पताल में शरद पवार की मुलाकात है। इन मुलाकातों से विलय की अटकलों ने जोर पकड़ा है। हालांकि, सूत्रों का कहना है कि इस विलय को अजित पवार के परिवार का समर्थन नहीं मिल पा रहा है। बताया जा रहा है कि दिवंगत अजित पवार की पत्नी एवं महाराष्ट्र सरकार में डिप्टी सीएम सुनेत्रा पवार और उनके बेटे पार्थ पवार इस विलय के लिए तैयार नहीं है। बावजूद इसके दोनों पार्टियां विलय की संभावना को जिंदा रखे हुए हैं।
