बिहार में महिलाओं को सफर के दौरान पुलिस की सुरक्षा मिल सकेगी। बिहार के पुलिस महानिदेशक आलोक राज ने डायल 112 सेवा के तहत गुरुवार को महिलाओं के लिए सुरक्षित सफर योजना के पायलट प्रोजेक्ट की शुरुआत की। इसकी शुरुआत पटना के वायरलेस भवन परिसर स्थित कंट्रोल एंड कमांड सेंटर से की गई।
'सुरक्षित सफर सुविधा' की शुरुआत।
कितने जिलों में हुई शुरुआत?
उन्होंने बताया कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत फिलहाल छह जिलों भागलपुर, बेगूसराय, मुजफ्फरपुर, पटना, गया और नालंदा में सेवा मिलेगी। महिलाएं कहीं भी किसी समय राज्य में सुरक्षित यात्रा कर सकती हैं। कोई भी महिला अपनी यात्रा 'डायल 112' के माध्यम से रजिस्टर करा सकती है। जिसके जरिए उनकी पूरी यात्रा को ट्रैक किया जाएगा।
महिलाओं को मिलेगी पूरी सुरक्षा
उन्होंने बताया कि संबंधित महिला को प्रत्येक 15 मिनट पर कॉल कर उनकी जानकारी ली जाएगी। बिहार देश का तीसरा राज्य है, जिसने इस प्रकार की सुविधा उपलब्ध कराया है। 15 सितंबर से इस सेवा को पूरे राज्य में लागू किया जाएगा। 'बिहार पुलिस सप्ताह' में पुलिसकर्मियों ने पांच प्रण लिए थे, जिसके तहत महिला अपराध के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस, महिला सुरक्षा एवं पुलिस महानिदेशक द्वारा निडर नारी का कॉन्सेप्ट दिया गया था। इसके तहत प्रदेश भर में महिलाओं के साथ अगर कोई भी व्यक्ति किसी तरह का दुर्व्यवहार या अपराध करता है तो त्वरित कार्रवाई की जाएगी।
बिहार में अब तक 'डायल 112' के माध्यम से आपातकालीन पुलिस सहायता, फायर ब्रिगेड और एम्बुलेंस जैसी सेवाएं मिलती आ रही है। अब 'डायल 112' का विस्तार किया जा रहा है। इसमें 'सुरक्षित सफर' सुविधा को जोड़ा गया है।
इनपुट-आईएएनएस
