मंगलवार सुबह पटना के ईडी ऑफिस के बाहर राजद नेताओं और समर्थकों की नारेबाजी के बीच करीब 11 बजे राबड़ी देवी अपनी बेटी मीसा भारती के साथ पटना के ईडी दफ्तर पहुंचीं। दोनों एक ही गाड़ी से वहां पहुंची थीं। लैंड फॉर जॉब मामले में पूछताछ के लिए पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी और उनके बेटे तेज प्रताप यादव को बुलाया गया था। एक घंटे बाद करीब 12 बजे तेज प्रताप भी ईडी ऑफिस पहुंचे। ऐसा पहली बार हुआ है कि लैंड फॉर जॉब मामले में तेज प्रताप को पूछताछ के लिए बुलाया गया है।
राबड़ी देवी ईडी दफ्तर से निकलीं
लगभग चार घंटे चली इस पूछताछ के दौरान राबड़ी देवी से ईडी ने कई सवाल पूछे। उनसे पूछा गया कि जिन लोगों से नौकरी के बदले जमीन ली गई, उन्हें वह कैसे जानती हैं? पहली बार उन लोगों से मुलाकात कब हुई? उन लोगों को नौकरी देने के लिए आपने क्यों पैरवी की? तेजस्वी यादव ने दिल्ली में न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी वाला बंगला कैसे लिया? सगुना मोड़ वाले अपार्टमेंट की जमीन कैसे खरीदी गई? पैसे कहां से आए? निर्माण कब शुरू हुआ? आपके नाम से जो जमीन है, वो कैसे अर्जित की गई है? पूरी पूछताछ के दौरान मीसा अपनी मां राबड़ी के साथ ही थीं। लंच के बाद सवालों का दौर फिर शुरू हुआ, रिपोर्ट्स के अनुसार राबड़ी देवी से टीम ने 50 सवाल पूछे।
12 बजे ईडी के दफ्तर पहुंचे तेज प्रताप से पूछताछ दूसरे कमरे में हुई। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार तेज प्रताप ने किसी सवाल का सीधा जवाब नहीं दिया। 19 मार्च यानी बुधवार को राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव को भी पूछताछ के लिए ईडी दफ्तर बुलाया गया है।
आपको जानकारी के लिए बता दें कि यह मामला 2004-2009 के दौरान रेलवे में ग्रुप 'डी' की नियुक्तियों से संबंधित है। उस समय लालू प्रसाद यादव संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (यूपीए) सरकार में रेल मंत्री थे।
