Patna Ganga River Water Level: नेपाल से छोड़े गए पानी और लगातार हो रही बारिश के कारण राजधानी पटना में गंगा नदी ने विकराल रूप धारण कर लिया है। पटना में गंगा नदी खतरे के निशान से करीब 2 मीटर ऊपर बह रही है, जिससे शहर के निचले इलाकों और गंगा घाटों पर जलभराव की गंभीर स्थिति पैदा हो गई है।
पटना में गंगा का रौद्र रूप, खतरे के निशान से करीब 2 मीटर ऊपर बह रही नदी, CM सम्राट चौधरी व नीतीश कुमार ने किया निरीक्षण
केंद्रीय जल आयोग (CWC) के अनुसार, गंगा के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है और जलस्तर प्रति घंटे लगभग 1 सेंटीमीटर की रफ्तार से बढ़ रहा है।
गांधी घाट पूरी तरह जलमग्न, CWC कार्यालय में घुसा पानी
पटना के गांधी घाट पर गंगा का खतरे का निशान 48.60 सेमी है, जबकि नदी का जलस्तर 50.26 सेमी के करीब पहुंच गया है।
घाट और मंदिर डूबे: गांधी घाट पर पानी सड़कों तक आ चुका है और घाट पर स्थित सभी मंदिर पूरी तरह जलमग्न हो चुके हैं।
सैंड बैग से रोकने की कोशिश: गांधी घाट NIT स्थित केंद्रीय जल आयोग (CWC) के कार्यालय में भी पानी प्रवेश कर गया है। आयोग के कर्मचारी पानी के बीच ही काम करने को मजबूर हैं। पानी को दफ्तर के अंदर आने से रोकने के लिए रेत की बोरियां (Sand Bags) लगाई जा रही हैं।
प्रशासनिक ढिलाई पर सवाल: खतरनाक जलस्तर और कमर भर पानी के बावजूद लोग और छोटे-छोटे बच्चे नहाने के लिए घाटों पर पहुँच रहे हैं। स्थानीय स्तर पर पुलिसकर्मियों की तैनाती न होने और प्रवेश बंद न किए जाने से हादसे का खतरा बना हुआ है।
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और नीतीश कुमार ने किया दौरा
पटना में बाढ़ के मंडराते खतरे को देखते हुए राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गई है:
सम्राट चौधरी का निरीक्षण: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना में गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि आमजन को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो और जान-माल की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित की जाए।
नीतीश कुमार और संजय झा की समीक्षा: पूर्व सीएम नीतीश कुमार और जेडीयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा ने भी बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा किया। संजय झा ने बताया कि नेपाल से पानी छोड़े जाने के कारण कई जिलों में स्थिति बिगड़ी है, लेकिन बिहार सरकार और प्रशासन पूरी तरह सतर्क हैं।
5 सितंबर से बक्सर से शुरू होगा 'नीतीश संवाद'
बाढ़ समीक्षा के साथ-साथ जेडीयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय झा ने आगामी राजनीतिक व सामाजिक कार्यक्रमों की जानकारी दी:
नीतीश संवाद की शुरुआत: आगामी 5 सितंबर से बिहार के 12 जिलों में 'नीतीश संवाद' कार्यक्रम की शुरुआत होगी। इसका पहला चरण बक्सर से शुरू किया जाएगा।
जल समझौते पर चर्चा: इस संवाद के दौरान पड़ोसी राज्यों और देशों के साथ हुए जल समझौतों से बिहार को हुए नुकसान और लाभ पर व्यापक चर्चा की जाएगी।
बिहार महोत्सव: संजय झा ने बेंगलुरु में आयोजित 'बिहार महोत्सव' को पूरे देश में राज्य की सकारात्मक छवि और संस्कृति का अच्छा संदेश देने वाला कदम बताया।
