Kushinagar News: उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले में देर रात नारायणी नदी के AP तटबंध में बड़ा कटान होने से हड़कंप मच गया है। तटबंध टूटने से बाढ़ का पानी तेजी से आसपास के गांवों में फैल रहा है। स्थिति को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रभावित गांवों के लोगों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने और राहत कार्य तेज करने के सख्त निर्देश दिए हैं।
कुशीनगर में देर रात तटबंध टूटा
मुख्यमंत्री ने बुलाई उच्चस्तरीय बैठक
घटना की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर के कमिश्नर, पुलिस अपर महानिदेशक (ADG) और कुशीनगर के जिलाधिकारी के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक की। मुख्यमंत्री के निर्देशों के बाद जिला प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीमें तुरंत राहत एवं बचाव कार्यों में जुट गईं। इसके अलावा, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) और राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीमों को भी मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाने के निर्देश दिए गए हैं।
ग्रामीणों का गंभीर आरोप
न्यूज एजेंसी ANI के अनुसार, कुशीनगर में देर रात ततवा टोला क्षेत्र में चैन पट्टी और जवाही माली एहतमाली के पास नारायणी नदी का एपी तटबंध टूट गया। इसके बाद पानी आसपास के गांवों में तेजी से फैलने लगा। स्थानीय लोगों के अनुसार, इस घटना से बड़ी संख्या में लोग प्रभावित हुए हैं और कई परिवारों को अपना घर छोड़ना पड़ा है। स्थानीय निवासी रितेश सिंह ने बताया कि तटबंध रात में टूटने से करीब 12 से 13 गांव बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। उन्होंने कहा, "यह तटबंध रात में टूटा, 12 से 13 गांव प्रभावित हुए हैं। कई परिवार बेघर हो गए हैं।" वहीं, एक अन्य स्थानीय निवासी ने दावा किया कि तटबंध टूटने से करीब 200 गांवों पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि समय रहते घटनास्थल पर कोई मरम्मत या एहतियाती कार्य नहीं किया गया, जिसके कारण यह गंभीर स्थिति उत्पन्न हुई।
गोरखपुर फ्लड डिवीजन के मुख्य अभियंता विकास ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में करीब 100 मीटर तक कटाव हुआ है। नुकसान को नियंत्रित करने के लिए जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं। अधिकारियों के मुताबिक, मौके पर उपलब्ध रेत की बोरियां पहुंचाई गई हैं और तटबंध को और नुकसान से बचाने के प्रयास जारी हैं।
