जबलपुर के कुंडम थाना इलाके के बिसनपुरा मेहगांव में हुई एक वारदात ने हर किसी को दहला दिया है। दरअसल, कुंडम थाना इलाके के ग्राम बिसनपुरा मेहगांव में रहने वाले 45 साल के भूरे लाल यादव की उसके ही रिश्ते के भांजे ने बेरहमी से हत्या कर दी। गांव में ही रहने वाले भांजे संतराम यादव को शक था कि भूरे लाल यादव काला जादू जानता है और वह जादू टोना करता है, इसी शक के चलते आरोपी संतराम यादव ने अपने साथी मधु शाह गौंड के साथ मिलकर पहले तो मृतक भूरेलाल के साथ मारपीट शुरू कर दी।
मारपीट से शुरू हुआ मामला पहुंचा हत्या तक
इसके बाद जब विवाद और मारपीट की खबर भूरे लाल यादव के भाई नन्हे यादव को मिली तो वह बीच बचाव करने पहुंचा, लेकिन आरोपियों ने उसको भी जमकर पीट दिया। इसके बाद दोनों आरोपी भूरेलाल को लेकर जंगल की तरफ गए। इसके बाद दो दिनों तक जब भूरेलाल यादव की कोई खबर नहीं मिली तो मृतक के भाई नन्हे यादव ने कुंडम थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। अपनी शिकायत में उसने पुलिस को यह जानकारी दी कि भूरेलाल के साथ संतराम यादव और मधु शाह गौंड ने मारपीट की थी और उसके बाद से ही भूरेलाल का कोई पता नहीं है।
ऐसे हुआ खुलासा
शिकायत के आधार पर पुलिस ने दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो हत्याकांड का खुलासा हुआ। आरोपियों ने पुलिस को बताया कि उन्हें शक था कि भूरेलाल यादव काला जादू जानता है और जादू टोना करता है, इसी बात को लेकर उन्होंने भूरेलाल पर पहले हमला बोला और उसे जंगल में ले जाकर कुल्हाड़ी से वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया।
कुल्हाड़ी से काट डाला सिर
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि कुल्हाड़ी के वार से उसका सिर धड़ से अलग हो गया था जिसके बाद उन्होंने शव को जंगल में ही छुपा दिया। इस कबूलनामे के बाद पुलिस आरोपियों को लेकर जंगल पहुंची और कुंडम के जंगल से मृतक का सिर और धड़ बरामद कर लिया। कुंडम पुलिस ने दोनों ही आरोपियों संतराम यादव और मधु शाह गौंड को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। जादू टोने को लेकर हुए इस सनसनीखेज हत्याकांड से कुंडम थाना क्षेत्र के बिसनपुरा मेहगांव और उसके आसपास के गांव में सनसनी मची हुई है।
