Monsoon 2026 : देश के बड़े हिस्से में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने बुधवार को अपना रौद्र रूप दिखाया, जिससे जनजीवन पर बुरा असर पड़ा। मौसम विभाग ने बताया कि कई राज्यों में भारी बारिश के कारण अचानक बाढ़, जलभराव, भूस्खलन और सड़क-रेल यातायात बाधित होने जैसी स्थितियां सामने आईं। दिल्ली और मुंबई जैसे महानगरों से लेकर पहाड़ी राज्यों तक बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। महाराष्ट्र के पिंपरी-चिंचवड़ में भारी बारिश के बीच तीन मंजिला इमारत गिर गई, जिसमें 16 लोगों के फंसे होने की आशंका जताई गई है। इसी प्रकार दिल्ली में इमारत ढहने से कई घायल और एक की मौत हो गई। कई राज्यों में प्रशासन ने अलर्ट जारी कर राहत और बचाव अभियान तेज कर दिया है। कई जिलों में स्कूल बंद रखने के आदेश दिए गए हैं। पूर्वोत्तर के राज्यों में बाढ़ से हाल-बेहाल है।
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लगातार बिगड़ते हालात पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भारी बारिश से प्रभावित राज्यों की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने केरल, महाराष्ट्र, गुजरात और जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्रियों से फोन पर बातचीत कर हालात की समीक्षा की और केंद्र सरकार की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिया।
दिल्ली में जलभराव, IMD ने जारी किया अलर्ट
राजधानी दिल्ली में बुधवार को हुई तेज बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव हो गया। सड़कों पर पानी भरने से यातायात प्रभावित हुआ और कई जगह वाहन धीमी गति से चलते नजर आए। सदर बाजार, नसीरपुर, ग्रेटर कैलाश, बदरपुर, तेलीवाड़ा, महावीर बाजार, स्वरूप नगर और कुशक रोड समेत कई इलाकों में पानी भर गया। मौसम विभाग के अनुसार, सफदरजंग मौसम केंद्र में सुबह 8:30 बजे समाप्त हुए पिछले 24 घंटों में 14.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। विभाग ने अगले कुछ घंटों के लिए गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना जताते हुए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इस दौरान हवा की रफ्तार 40 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है।
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मुंबई में बारिश से लोकल ट्रेनें प्रभावित
मुंबई में बुधवार सुबह एक बार फिर तेज बारिश शुरू हो गई, जिससे शहर की रफ्तार प्रभावित हुई। मुंबई की लाइफलाइन कही जाने वाली लोकल ट्रेन सेवाएं 25 से 30 मिनट की देरी से चलीं। वसई-विरार क्षेत्र और दक्षिण गुजरात के कई हिस्सों में जलभराव के कारण लंबी दूरी की ट्रेन सेवाएं भी प्रभावित रहीं। भोर घाट क्षेत्र में हुए भूस्खलन के बाद मुंबई-पुणे रेल मार्ग पर परिचालन पूरी तरह सामान्य नहीं हो पाया है। कई ट्रेनों का मार्ग बदला गया, कुछ रद्द की गईं और कुछ को बीच रास्ते में ही समाप्त किया गया। खराब मौसम और कम दृश्यता के कारण मुंबई आने वाली नौ उड़ानों का मार्ग परिवर्तित किया गया। मौसम में सुधार के बाद सभी उड़ानें सुरक्षित रूप से मुंबई एयरपोर्ट पहुंच गईं। मुंबई में बारिश के कारण दो प्रमुख जलाशय तुलसी और विहार झील भी भरकर छलक गए। हालांकि शहर को पानी उपलब्ध कराने वाले सातों जलाशयों में कुल जल भंडारण अभी भी उनकी क्षमता का करीब 41 प्रतिशत ही है।
पिंपरी-चिंचवड़ में इमारत ढही
महाराष्ट्र के कई जिलों में भारी बारिश से हालात बिगड़े हुए हैं। पुणे जिले के पिंपरी-चिंचवड़ के मोशी इलाके में भारी बारिश के बाद कचरे का बड़ा ढेर तीन मंजिला इमारत पर गिर गया, जिससे इमारत ढह गई। अधिकारियों के मुताबिक, मलबे में 16 लोगों के दबे होने की आशंका है। राहत और बचाव अभियान चलाया गया।
गोदावरी नदी का जलस्तर बढ़ा
नासिक में लगातार बारिश के कारण गोदावरी नदी का जलस्तर बढ़ गया। प्रशासन ने गोदावरी, कडवा और गिरना नदियों के किनारे रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है। रायगढ़ जिले में उल्हास नदी के उफान के कारण नेरल और कर्जत स्टेशन के बीच रेल सेवाएं प्रभावित हुईं। भारी बारिश से रेलवे ट्रैक पर पानी भर गया था।
गुजरात में बाढ़ जैसे हालात
दक्षिण गुजरात में भी भारी बारिश ने मुश्किलें बढ़ाईं। सूरत जिले में बारिश से जुड़ी घटनाओं में पांच लोगों की मौत हुई। प्रशासन ने बाढ़ प्रभावित इलाकों से करीब 2100 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया। सूरत के कामरेज इलाके में 10 घंटे के भीतर 305 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। कई इलाकों में जलभराव के कारण स्कूल बंद रखने पड़े। रेल सेवाओं पर भी बारिश का असर पड़ा। सूरत के पास सचिन स्टेशन क्षेत्र में जलभराव के कारण मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ। पश्चिम रेलवे के अनुसार, 39 ट्रेनें रद्द की गईं, 21 ट्रेनों को बीच रास्ते में समाप्त किया गया और 46 ट्रेनों का समय बदला गया।
जम्मू-कश्मीर में अचानक बाढ़
जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में भारी बारिश के कारण अचानक बाढ़ आ गई। ठाठरी शहर के ऊपरी इलाकों में पानी, पत्थर और मलबा आने से कई घरों, दुकानों और वाहनों को नुकसान पहुंचा। डोडा-किश्तवाड़ राजमार्ग भी प्रभावित हुआ। लगातार बारिश के कारण इलाके में यह इस सप्ताह तीसरी बड़ी घटना बताई जा रही है। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी है। जम्मू-कश्मीर में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के कारण लगातार हो रही बारिश का असर अब माता वैष्णो देवी यात्रा पर भी दिखाई देने लगा है। रियासी जिले की त्रिकुटा पहाड़ियों पर स्थित माता वैष्णो देवी भवन जाने वाले नए यात्रा मार्ग पर बुधवार शाम भारी बारिश के बाद हिमकोटी के पास भूस्खलन हो गया।
वायनाड में भूस्खलन, कई लोग हताहत
केरल के वायनाड जिले में मेप्पाडी पंचायत क्षेत्र में सुरंग परियोजना स्थल पर बारिश से कमजोर हुई मिट्टी का ढेर गिर गया। हादसे में तीन लोगों की मौत हुई, जबकि दस लोग घायल हुए और पांच लोग अभी भी लापता हैं। गृह मंत्री अमित शाह ने केरल के मुख्यमंत्री से बातचीत कर राहत कार्यों की जानकारी ली और घटना की उच्च स्तरीय जांच के निर्देश दिए।
उत्तराखंड और हिमाचल में भी बारिश का असर
उत्तराखंड में लगातार बारिश के कारण कई जिलों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। मौसम विभाग ने देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर, नैनीताल और चंपावत में भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। देहरादून जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए जिले के कक्षा 1 से 12 तक के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त, निजी विद्यालयों और सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में गुरुवार, 9 जुलाई 2026 को एक दिन का अवकाश घोषित कर दिया है।
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के रामपुर क्षेत्र में अचानक आई बाढ़ से सड़क संपर्क प्रभावित हुआ। गानवी खड्ड नाले पर बना अस्थायी पुल क्षतिग्रस्त हो गया, जिससे कई गांवों का संपर्क बाधित हुआ।
पश्चिम बंगाल में भारी बारिश और भूस्खलन की चेतावनी
उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग, कालिम्पोंग, अलीपुरद्वार, जलपाईगुड़ी और कूचबिहार जिलों में अगले कुछ दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और मैदानी क्षेत्रों में जलभराव की चेतावनी जारी की है।
मराठवाड़ा में बारिश कम, जल संकट गहराया
जहां देश के कई हिस्सों में भारी बारिश हो रही है, वहीं महाराष्ट्र के मराठवाड़ा क्षेत्र में सामान्य से कम बारिश के कारण जल संकट बना हुआ है। क्षेत्र के 11 प्रमुख बांधों में जल भंडारण घटकर करीब 34 प्रतिशत रह गया है। लातूर, परभणी, हिंगोली और नांदेड़ समेत कई जिलों में बारिश की कमी दर्ज की गई है। 103 गांवों में टैंकरों के जरिए पानी पहुंचाया जा रहा है। जालना जिले में सबसे अधिक टैंकर लगाए गए हैं।
बाढ़ में दरवाजे को बनाया स्ट्रेचर
महाराष्ट्र के पालघर जिले में बाढ़ प्रभावित गांव में स्थानीय लोगों ने मानवता की मिसाल पेश की। सड़कें पानी में डूबने के कारण एंबुलेंस नहीं पहुंच सकी तो ग्रामीणों ने घर का दरवाजा निकालकर उसे स्ट्रेचर बनाया और गर्भवती महिला को पानी के बीच से अस्पताल पहुंचाया। महिला ने अस्पताल में स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया।
देशभर में मॉनसून की इस मार के बीच प्रशासन अलर्ट मोड पर है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में कई राज्यों में भारी बारिश की संभावना जताई है। लोगों से सतर्क रहने और नदी-नालों व भूस्खलन प्रभावित क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की गई है।
जुलाई में मानसून की बारिश तेज होने की उम्मीद -कृषि मंत्री
कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बुधवार को कहा कि जुलाई में मानसून की बारिश तेज होने की उम्मीद है, जिससे इस मौसम की धीमी शुरुआत के बाद खरीफ फसलों की बुवाई में मदद मिलेगी। चौहान ने एक उच्च-स्तरीय समीक्षा बैठक के बाद पत्रकारों को बताया कि ।जुलाई में कुल बारिश की कमी जून के 33 प्रतिशत से घटकर 24 प्रतिशत रह गई है। उन्होंने कहा कि हाल के दिनों में देश के कई हिस्सों में अच्छी बारिश होने के कारण बारिश की कमी वाले जिलों की संख्या 262 से घटकर 178 रह गई है। चौहान ने कहा कि सरकार महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गुजरात, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, कर्नाटक, बिहार, झारखंड, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, पंजाब, पश्चिम बंगाल और ओडिशा सहित 13 राज्यों में स्थिति पर बारीकी से नजर रख रही है।
