दिल्ली में जीवन रक्षक दवा इंसुलिन को लेकर बड़ी कार्रवाई सामने आई है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह के निर्देश पर दिल्ली सरकार के ड्रग्स कंट्रोल डिपार्टमेंट ने राजधानी के होलसेल दवा बाजार में विशेष अभियान चलाते हुए 20 लाख रुपये से अधिक कीमत की इंसुलिन जब्त की है। जांच के दौरान कई दवा फर्में कोल्ड चेन स्टोरेज के नियमों का उल्लंघन करती पाई गईं। डिपार्टमेंट की टीम ने कुल छह होलसेल दवा फर्मों का निरीक्षण किया, जिनमें से चार फर्में ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट 1940 और ड्रग्स रूल्स 1945 के प्रावधानों का उल्लंघन करती मिलीं। जांच में ट्रेसिबा फ्लेक्सटच, ग्लैरिटस, ह्यूमलॉग मिक्स, एपिड्रा सोलोस्टार और टूजियो सोलोस्टार जैसी इंसुलिन की दवाएं मिलीं।
(सांकेतिक फोटो-Istock)
वैध खरीद का नहीं मिला रिकॉर्ड
कुछ दवाओं के लेबल से ‘इंस्टीट्यूशनल सप्लाई’ का निशान मिटाया गया था, जबकि कई फर्में इन दवाओं की वैध खरीद का रिकॉर्ड भी नहीं दिखा सकीं। सबसे गंभीर बात यह सामने आई कि दो फर्में इंसुलिन जैसी संवेदनशील दवाओं को सामान्य कमरे के तापमान पर स्टोर कर रही थीं, जबकि इन दवाओं को सख्त कोल्ड चेन में रखना अनिवार्य होता है। इस दौरान कुल 2104 यूनिट इंसुलिन जब्त की गई, जिसकी कीमत करीब 20 लाख 6 हजार 24 रुपये बताई गई है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने कहा कि दिल्लीवासियों को सुरक्षित और गुणवत्ता वाली दवाएं उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि इंसुलिन जैसी जीवन रक्षक दवाओं के स्टोरेज और वितरण से जुड़े नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इस मामले में दो फर्मों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है और जब्त दवाओं के सैंपल क्वालिटी टेस्टिंग के लिए लैब भेजे गए हैं, ताकि यह जांचा जा सके कि वे निर्धारित मानकों पर खरे उतरते हैं या नहीं। दिल्ली ड्रग्स कंट्रोल डिपार्टमेंट ने साफ किया है कि राजधानी में दवाओं की गुणवत्ता और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
