Lucknow Suicide Cases: लखनऊ में शनिवार को दो अलग-अलग आत्महत्या की घटनाओं ने मानसिक स्वास्थ्य और पारिवारिक तनाव की गंभीरता को उजागर किया। 63 वर्षीय सेवानिवृत्त विशेष सचिव हेरम्भ मिश्रा ने बीमारी से जूझते हुए आत्महत्या कर ली। उनका इलाज नूर मंजिल में चल रहा था। सुबह उनकी नौकरानी ने उन्हें पंखे से लटका पाया, जिसके बाद परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिजनों के अनुसार, मिश्रा पहले भी आत्महत्या का प्रयास कर चुके थे।
लखनऊ में दो आत्महत्या के मामले (प्रतीकात्मक फोटो: iStock)
इसी दिन इटौंजा में 32 वर्षीय मजदूर राकेश ने भी आत्महत्या कर ली। बताया गया कि राकेश की पत्नी उसे पांच साल पहले छोड़कर चली गई थी, जिससे वह मानसिक रूप से टूट गया था और नशे का आदी हो गया था। शनिवार को उसके पिता ने उसे कमरे में पंखे से लटका पाया। ये दोनों घटनाएं इस बात की ओर इशारा करती हैं कि मानसिक स्वास्थ्य और सामाजिक समर्थन की कमी किस तरह लोगों को चरम कदम उठाने के लिए मजबूर कर रही है। यह समाज के लिए एक चेतावनी है कि मानसिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देना अब आवश्यक हो गया है।
