कानपुर : कानपुर की सीसामऊ सीट से पूर्व सपा विधायक इरफान सोलंकी की जमानत अर्ज़ी पर गुरुवार यानी 8 मई को इलाहाबाद हाईकोर्ट में सुनवाई होगी। जाजमऊ थाने में दर्ज गैंगस्टर एक्ट के मामले में इरफान ने जमानत याचिका दाखिल की है। 16 अप्रैल को कोर्ट में राज्य सरकार की तरफ से जवाबी हलफनामा दायर किया गया था। लिहाजा, कोर्ट ने इरफान सोलंकी के वकील को रिजॉइंडर एफिडेविट दाखिल करने के लिए दो हफ्ते का समय दिया था। कोर्ट ने इरफ़ान की ज़मानत अर्जी को इसी मामले में अभियुक्त उनके भाई रिज़वान सोलंकी और इजरायल आटेवाला की जमानत अर्जी से संबद्ध कर दिया है। अब तीनों की जमानत अर्जियों पर अदालत एक साथ सुनवाई कर रही है। समर्थक कयास लगा रहे हैं कि उनके नेता जेल से बाहर आएंगे।
इरफान सोलंकी
इरफान के भाई भी आरोपी
दरअसल, 26 दिसंबर 2022 को इरफान सोलंकी के खिलाफ गैंगस्टर का मामला दर्ज हुआ था। तत्कालीन इंस्पेक्टर अशोक कुमार दुबे ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। तत्कालीन विधायक इरफान सोलंकी, उनके भाई रिजवान सोलंकी, इसराइल आटेवाला, मोहम्मद शरीफ और शौकत अली के खिलाफ शिकायतकर्ता ने गैंगस्टर एक्ट में एफआईआर दर्ज कराई थी। एफआईआर में इरफान सोलंकी को गैंग लीडर बताया गया है।
क्या मिलेगी गैंगस्टर मामले में जमानत?
हालांकि, इरफान के खिलाफ गैंगस्टर को छोड़ कर दर्ज सभी मामलों में इलाहाबाद हाईकोर्ट से राहत मिल चुकी है। अब गैंगस्टर मामले में जमानत मिलने के बाद ही इरफान सोलंकी जेल से बाहर आ सकेंगे। जानकारी के मुताबिक, जस्टिस संजय कुमार सिंह की सिंगल बेंच मामले की सुनवाई कर रही है।
