कल का मौसम कैसा रहेगा : दक्षिण-पश्चिम मॉनसून एक बार फिर रफ्तार पकड़ चुका है। देशभर के विभिन्न राज्यों में बादल छाए हुए हैं और बारिश का सिलसिला जारी है। मौसम विभाग ने अगले 48 घंटे के मौसम का पूर्वानुमान जारी करते हुए उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली-एनसीआर, राजस्थान, हरियाणा और पंजाब में आकाशीय बिजली गिरने और झमाझम बारिश होने का अनुमान जताया है, जिससे तापमान में कमी आएगी और लोगों को उमस-गर्मी से राहत मिलेगी। इधर, पहाड़ों पर अत्यधिक वर्षा के कारण हालात विपरीत हैं। उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के अधिकांश भागों पर तेज पानी बरसने से लैंडस्लाइन और सड़कों के बह जाने की खबरें हैं, जिससे जनजीवन पर बुरा प्रभाव है। स्काईमेट ने समूचे पूर्वोत्तर में भारी से भारी वर्षा का अलर्ट है, जबकि दक्षिण-भारत में भी यही हालात रहेंगे। आईएमडी ने मध्य प्रदेश, मराठवाड़ा, महाराष्ट्र, गुजरात और गोवा में मूसलाधार बारिश की चेतावनी है।
कल का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में कल मौसम कैसा है
दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। पिछले 24 घंटों के दौरान आसमान पर काले घने बादलों का डेरा, कई इलाकों में हल्की बारिश और तेज हवाओं के चलते लोगों को उमस और भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिली है। पिछले कई दिनों से लगातार पड़ रही तेज धूप और गर्म हवाओं के बाद मौसम में आए इस बदलाव ने लोगों को राहत की सांस लेने का मौका दिया है। हालांकि, जिस तेज और भारी बारिश का इंतजार पूरा एनसीआर कर रहा था, फिलहाल उसकी संभावना कम नजर आ रही है। आईएमडी के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार आने वाले पूरे सप्ताह तक मौसम का मिजाज लगभग ऐसा ही बना रहेगा। आसमान में बादल छाए रहेंगे और बीच-बीच में हल्की बारिश या बूंदाबांदी देखने को मिल सकती है। अच्छी बात यह है कि अगले सात दिनों के लिए किसी भी प्रकार की मौसम संबंधी चेतावनी जारी नहीं की गई है। 23 जुलाई को अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। मौसमी गतिविधियां होने से प्रदूषण के स्तर में बड़ी कमी आने का अनुमान है। फिलहाल, एक्यूआई 70 के आसपास पहुंच गया है।
राजस्थान में कैसा है मौसम
राजस्थान के अनेक हिस्सों में दक्षिण-पश्चिम मानसून के फिर सक्रिय होने से बारिश हो रही है। पिछले 24 घंटे के दौरान राज्य के पूर्वी भागों में भारी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में बारिश का दौर फिलहाल जारी रहेगा। मौसम विभाग ने बताया कि जयपुर, कोटा, बारां, अलवर और भीलवाड़ा के मांडल सहित अनेक स्थानों पर पांच-पांच सेंटीमीटर बारिश हुई। इसके अलावा भरतपुर, पाली, जोधपुर, हनुमानगढ़ और बीकानेर समेत कई जिलों में एक से पांच सेंटीमीटर तक बारिश दर्ज की गई। मौसम केंद्र जयपुर के अनुसार, 22 से 26 जुलाई के दौरान कोटा, जयपुर, भरतपुर, अजमेर, उदयपुर, जोधपुर और बीकानेर संभाग के ज्यादातर भागों में बारिश होने तथा कहीं-कहीं भारी और एक-दो स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना है।
हिमाचल प्रदेश में मौसम कैसा रहेगा
हिमाचल प्रदेश के अधिकांश भागों पर भारी बारिश का क्रम जारी है। मौसम विभाग ने कई हिस्सों पर लैंडस्लाइड और बाढ़ जैसी घटनाएं होने का अलर्ट जारी रखा है। कांगड़ा में भारी बारिश के जनजीवन पर बुरा असर है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के दौरान चंबा, कांगड़ा, मंडी, शिमला, सिरमौर और कुल्लू जिलों के कुछ हिस्सों में अचानक बारिश से मध्यम स्तर की बाढ़ आने की चेतावनी दी है। शिमला मौसम केंद्र ने बुधवार के लिए कांगड़ा और मंडी जिलों के कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका को देखते हुए ’ऑरेंज’ अलर्ट जारी किया है। मौसम केंद्र ने कहा कि बारिश का दौर 27 जुलाई तक जारी रहने की संभावना है।
उत्तराखंड का मौसम कैसा है
उत्तराखंड के उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, नैनीताल, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में बारिश का येलो अलर्ट जारी किया गया है। कई अन्य हिस्सों में आंधी-तूफान, बिजली गिरने और भारी से बहुत भारी बारिश का भी अनुमान लगाया है। मौसम विभाग के अनुसार, मौजूदा मौसम की स्थिति 25 जुलाई तक बनी रहने की उम्मीद है। उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, नैनीताल, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश होने आलर्ट हैं। तेज बारिश के कारण नाले उफान पर आ गए, जिससे कई सड़कों पर जलभराव हो गया, जबकि कई इलाकों में घरों के अंदर बारिश का पानी घुस गया। भारी बारिश के कारण आवागमन भी मुश्किल हो गया। सड़कों पर पानी भरने और खराब ड्राइविंग स्थितियों के कारण वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
दक्षिण भारत में मॉनसूनी बारिश
दक्षिण भारत में मॉनसूनी बारिश का सिलसिला लगातार जारी है। कई नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। मौसम विभाग ने तमिलनाडु, कर्नाटक, केरल, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह और लक्ष्यद्वीप के कई हिस्सों पर भारी से बारी बारिश जारी रहने का अनुमान है। उधर, पूर्वोत्तर भारत के अधिकांश राज्य मॉनसून की गिरफ्त में हैं। खासकर, असम, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, नागालैंड, मेघालय, त्रिपुरा, ओडिशा, झारखंड, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ भारी बारिश का अलर्ट जारी रखा है। पूर्वोत्तर में अत्यधिक बारिश के कारण नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी से जनजीवन प्रभावित है। कई हिस्सो पर बाढ़ का खतरा बढ़ता जा रहा है।
