Kal Ka Mausam 22 July 2026: मानसून की रफ्तार दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। इससे भारी बारिश और तेज हवाओं का दौर शुरू होने की संभावना है। बात अगर वेदर सिस्टम की करें तो समुद्र तल पर सक्रिय मानसून ट्रफ फिलहाल अपनी सामान्य स्थिति में बनी हुई है, जिससे कई क्षेत्रों में बारिश की अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं। निचले क्षोभमंडलीय स्तर पर हरियाणा और आसपास, पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश, तथा दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर अलग-अलग ऊपरी हवा के चक्रवाती परिसंचरण (साइक्लोनिक सर्कुलेशन) सक्रिय हैं। इसके अलावा उत्तर छत्तीसगढ़ और आसपास के क्षेत्र में भी एक चक्रवाती परिसंचरण मौजूद है, जो मध्य क्षोभमंडल तक फैला हुआ है। वहीं, पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी और उससे सटे उत्तर तटीय आंध्र प्रदेश के ऊपर मध्य क्षोभमंडलीय स्तर पर एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। इसी प्रणाली से जुड़ी एक द्रोणिका (ट्रफ) पश्चिम-मध्य बंगाल की खाड़ी से लेकर पूर्वोत्तर अरब सागर तक निचले और मध्य क्षोभमंडलीय स्तरों में फैली हुई है, जो कई राज्यों में वर्षा गतिविधियों को प्रभावित कर सकती है।
कल का मौमस 22 जुलाई 2026
दिल्ली-एनसीआर में कल का मौसम
दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने आखिरकार करवट ले ली है। बीती देर रात हुई झमाझम बारिश के बाद लोगों को उमस और भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिली है। बारिश के चलते तापमान में भा काफी गिरावट दर्ज की गई, जिससे सुबह का मौसम सुहावना हो गया। IMD के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 22 जुलाई को दिल्ली-एनसीआर में भारी बारिश, गरज-चमक और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। ऐसे में विभाग द्वारा येलो अलर्ट जारी किया गया है। इस दिन अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 23 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। पूरे दिन सामान्य रूप से बादल छाए रहेंगे। हालांकि 23 जुलाई से मौसम में कुछ राहत देखने को मिलेगी। इस दिन अधिकतम तापमान 33 डिग्री और न्यूनतम 22 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। आसमान सामान्य रूप से बादलों से ढका रहेगा और मध्यम बारिश की संभावना है, लेकिन कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
यूपी में अगले पांच दिनों का मौसम
मौसम विभाग के अनुसार 22 जुलाई से 26 जुलाई के बीच उत्तर प्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा। इस दौरान पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों में रुक-रुककर बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश होने के आसार हैं। 22 से 24 जुलाई के दौरान पूर्वी उत्तर प्रदेश में अनेक स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ इलाकों में भारी वर्षा हो सकती है। वहीं 22 जुलाई को गरज-चमक और बिजली गिरने की भी संभावना जताई गई है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 23 से 25 जुलाई के बीच कुछ स्थानों पर भारी बारिश होने का अनुमान है। जबकि 25 और 26 जुलाई को अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कहीं-कहीं बौछारें पड़ सकती हैं। मौसम विभाग ने बताया है कि 22 जुलाई को पूर्वी उत्तर प्रदेश तथा 23 से 25 जुलाई के दौरान पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है।
बिहार में कल का मौसम कैसा रहेगा?
वहीं 22 जुलाई को बिहार में भी मानसून का असर देखने को मिलेगा। राज्य के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि कई जिलों में गरज-चमक के साथ तेज बारिश के दौर भी देखने को मिल सकते हैं। मौसम विभाग ने बताया है कि 22 जुलाई को बिहार के कुछ इलाकों में भारी वर्षा होने के आसार हैं। इसके साथ ही कई स्थानों पर बिजली चमकने और गरज के साथ बारिश की संभावना भी जताई गई है। ऐसे में खुले स्थानों, खेतों और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचने की सलाह दी गई है।
दो हफ्ते के अंतराल के बाद राजस्थान में मानसून
करीब दो सप्ताह के अंतराल के बाद राजस्थान में मानसून फिर से सक्रिय हुआ है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के पूर्वी हिस्से के कई जिलों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश दर्ज की गई। मौसम विभाग ने मंगलवार को यह जानकारी दी। IMD जयपुर ने बताया कि उत्तर-पूर्वी राजस्थान और उससे सटे क्षेत्रों के ऊपर एक चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) बना हुआ है, जबकि मानसून ट्रफ अपनी सामान्य स्थिति से गुजर रही है। इसके प्रभाव से अगले चार से पांच दिनों तक राज्य के अधिकतर हिस्सों में मानसूनी गतिविधियां सक्रिय रहने की संभावना है। पूर्वानुमान के अनुसार, 22 से 26 जुलाई के बीच कोटा, जयपुर, भरतपुर, अजमेर, उदयपुर, जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकतर क्षेत्रों में बारिश होने की संभावना है। इस दौरान कुछ स्थानों पर भारी तथा एक-दो स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा हो सकती है।
मध्य प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट
मध्य प्रदेश में मौसम विभाग के भोपाल केंद्र ने राज्य के कई जिलों में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके अनुसार नीमच, मंदसौर, उज्जैन, महाकालेश्वर, आगर मालवा, राजगढ़, सीहोर, शाजापुर, देवास, भोपाल, बैरागढ़, नबीबाग, रायसेन, भीमबेटका, सांची, नर्मदापुरम, पचमढ़ी, होशंगाबाद और नरसिंहपुर में गरज-चमक के साथ मध्यम बारिश होने की संभावना है। इन क्षेत्रों में प्रति घंटे 5 से 15 मिमी तक वर्षा हो सकती है तथा बादल से जमीन पर बिजली गिरने की आशंका 30 से 60 प्रतिशत तक जताई गई है। वहीं विदिशा, उदयगिरि, दमोह, पन्ना, सतना, चित्रकूट, रीवा, मऊगंज, सिंगरौली, सीधी, मैहर, कटनी, उमरिया, बांधवगढ़, डिंडोरी, जबलपुर, भेड़ाघाट, मंडला, शहडोल, अनूपपुर, अमरकंटक, बालाघाट, सिवनी, छिंदवाड़ा, बैतूल, पांढुर्णा, खंडवा, ओंकारेश्वर, हरदा, बुरहानपुर, खरगोन, महेश्वर, रतलाम, धोलावाड़, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, मांडू, इंदौर, बड़वानी और बावनगजा में हल्की गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने का अनुमान है। अनुमान यह भी है कि 25 जुलाई तक राज्य के लगभग 90 प्रतिशत हिस्सों में बारिश होने की संभावना है।
पूर्वोत्तर भारत में ऐसा रहेगा मौसम
पूर्वोत्तर भारत में की बात करें तो अरुणाचल प्रदेश में 22 से 25 जुलाई तक कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है, जबकि 26 और 27 जुलाई को वर्षा की गतिविधियां अधिक व्यापक हो सकती हैं। असम और मेघालय में 22 जुलाई तथा 25 से 27 जुलाई के दौरान अधिकांश क्षेत्रों में अच्छी बारिश होने के आसार हैं, जबकि 23 और 24 जुलाई को कुछ स्थानों पर छिटपुट वर्षा दर्ज की जा सकती है। वहीं, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 22 से 27 जुलाई तक कई स्थानों पर व्यापक वर्षा होने की संभावना है। इस दौरान मौसम विभाग ने गरज-चमक और बिजली गिरने की भी चेतावनी जारी की है। असम और मेघालय में 21 से 25 जुलाई तथा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 22 से 24 जुलाई के बीच कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की आशंका है। भारी बारिश को लेकर भी अलर्ट जारी किया गया है। अरुणाचल प्रदेश में 25 से 27 जुलाई, असम और मेघालय में 21 से 27 जुलाई तथा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 22 से 24 जुलाई और 27 जुलाई को कुछ स्थानों पर भारी वर्षा होने की संभावना है।
पश्चिमी राज्यों में मानसून के सक्रिय रहने की संभावना
साथ ही पश्चिम भारत में मानसून की गतिविधियां पूरे सप्ताह सक्रिय बनी रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, 22 से 27 जुलाई तक गुजरात क्षेत्र तथा कोंकण-गोवा में अधिकांश स्थानों पर हल्की से मध्यम और कई इलाकों में व्यापक वर्षा होने के आसार हैं। वहीं, मध्य महाराष्ट्र में 22 और 23 जुलाई तथा मराठवाड़ा में 22 जुलाई के दौरान अच्छी बारिश होने की संभावना है। इसके बाद 24 से 27 जुलाई तक मध्य महाराष्ट्र और 23 से 27 जुलाई तक मराठवाड़ा में कुछ स्थानों पर छिटपुट वर्षा जारी रह सकती है। सौराष्ट्र और कच्छ में भी 22 से 27 जुलाई के बीच अलग-अलग स्थानों पर बारिश होने के संकेत हैं। मौसम विभाग ने 22 और 23 जुलाई के दौरान गुजरात क्षेत्र में कहीं-कहीं गरज-चमक और बिजली गिरने की चेतावनी भी जारी की है। भारी वर्षा की बात करें तो कोंकण-गोवा में 23 से 25 जुलाई, मध्य महाराष्ट्र में 22 जुलाई तथा 24 और 25 जुलाई, गुजरात क्षेत्र में 22 और 24 जुलाई तथा सौराष्ट्र-कच्छ में 25 से 27 जुलाई के दौरान कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा, 22 जुलाई को कोंकण-गोवा, 23 जुलाई को मध्य महाराष्ट्र तथा 23 और 25 से 27 जुलाई के बीच गुजरात क्षेत्र में कहीं-कहीं अत्यधिक भारी वर्षा होने की भी संभावना जताई गई है।
