राजस्थान के जयपुर जिले स्थित राजकीय प्राथमिक स्कूल रामपुरा कंवरपुरा के निरीक्षण को लेकर कॉकरोच जनता पार्टी (Cockroach Janata Party)के प्रतिनिधिमंडल और स्थानीय ग्रामीणों के बीच हुए हिंसक विवाद का असर दिखने लगा है। घटना के ठीक 24 घंटे बाद शनिवार सुबह प्रशासन ने एहतियातन कदम उठाते हुए स्कूल को 50 मीटर दूर एक अन्य भवन में शिफ्ट कर दिया है। वहीं दूसरी ओर, इस पूरे मामले को लेकर जयपुर के शिवदासपुरा थाने में दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे के खिलाफ मामला दर्ज करवा दिया गया है।
जयपुर में खूनी झड़प के बाद एक्शन (Photo: ANI/Times Now Digital)
जयपुर साउथ के डीसीपी राजर्षि राज वर्मा ने घटना की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस को CJP और ग्रामीणों दोनों पक्षों से शिकायतें मिली थीं। इन शिकायतों के आधार पर दो अलग-अलग एफआईआर दर्ज कर ली गई हैं। पुलिस ने मामले की निष्पक्ष जांच शुरू कर दी है और दोनों पक्षों से जुड़े लोगों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। डीसीपी ने स्पष्ट किया कि जांच में सामने आने वाले साक्ष्यों और सबूतों के आधार पर ही आगे की सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
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दोनों पक्षों ने पुलिस की कार्यशैली पर उठाए सवाल
इस बीच, CJP के कार्यकर्ता आशुतोष रांका ने घटना को पहले से नियोजित हमला करार दिया है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस हिंसा को अंजाम देने के लिए बाहर से गुंडे बुलाए गए थे, जिन्होंने जानलेवा पथराव किया।
हमला करने वाले लोग स्थानीय विधायक के साथ देखे गए-रांका
रांका ने दावा किया कि ये वही लोग थे जिन्हें घटना की पूर्व संध्या पर बगरू से स्थानीय विधायक कैलाश वर्मा के साथ देखा गया था। दूसरी तरफ, आंध्र प्रदेश भाजपा के प्रवक्ता शेख बाजी ने सीजेपी पर निशाना साधते हुए उसे कांग्रेस का एजेंट बताया और आरोप लगाया कि यह संगठन इस घटना का बेवजह राजनीतिकरण कर रहा है।
