Hapur News: उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में प्रशासन और कृषि विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने रामपुर रोड पर छापेमारी कर अवैध रूप से चल रही नकली उर्वरक बनाने वाली फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। मौके से 90 बोरे नकली पोटाश और 20 बोरे डीएपी समेत कुल 110 बोरे उर्वरक बरामद किए गए हैं। लेकिन छापे की भनक लगते ही आरोपी मौके से फरार हो गए।
हापुड़ में नकली खाद फैक्ट्री पर छापा
डीएम के निर्देश पर की गई छापेमारी
हापुड़ में लंबे समय से नकली उर्वरक तैयार किए जाने की शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद जिलाधिकारी (DM) कविता मीना के निर्देशों के बाद जिला कृषि अधिकारी गौरव प्रताप, नायब तहसीलदार प्रताप सिंह और कोतवाली पुलिस की टीम ने संयुक्त रूप से इस कार्रवाई को अंजाम दिया। अधिकारियों के मुताबिक, टीम के पहुंचने से कुछ मिनट पहले ही आरोपी फैक्ट्री को खुला छोड़कर फरार होने में कामयाब हो गए।
मशीनों से पिसाई और मिलावट का काम
छापेमारी के दौरान गोदाम के अंदर भारी मात्रा में उर्वरक बोरों के ढेर मिले हैं, जहां मशीनों के जरिए पिसाई और मिलावट का काम चल रहा था। खाद के अलावा मौके से कुछ संदिग्ध केमिकल और गंधक जैसा पदार्थ भी बरामद किया गया है। अधिकारियों के अनुसार, बरामद उर्वरक कृषि उपयोग के लिए दिया जाने वाला अनुदानित यानी सब्सिडी वाला खाद था। टीम अब यह पता लगाने में जुटी है कि यह फैक्ट्री किसकी है, इसे किसकी शह पर चलाया जा रहा था और तैयार नकली उर्वरक को कहां खपाया जाता था।
नमूने जांच के लिए भेजे जाएंगे
जिला कृषि अधिकारी गौरव प्रताप ने बताया कि बरामद सभी पदार्थों और उर्वरकों के नमूने लेकर उन्हें जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जाएगा। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के मुताबिक, इससे पहले भी जिले के बुलंदशहर रोड और कासमपुरा क्षेत्र में यूरिया और नकली उर्वरक से जुड़े मामले सामने आ चुके हैं। फिलहाल टीम फैक्ट्री से जुड़े मुख्य आरोपियों की पहचान और उनकी तलाश में जुटी है।
