Greater Noida West Lift Incident: ग्रेटर नोएडा वेस्ट के गौर सिटी चौक के पास स्थित HNS मॉल में लिफ्ट के अंदर लोगों के फंसने का एक गंभीर मामला सामने आया है। लिफ्ट में 8 लोग करीब 1 घंटे तक फंसे रहे। घटना के बाद लोगों ने लिफ्ट के इमरजेंसी सिस्टम और रेस्क्यू व्यवस्था पर सवाल उठाए। लोगों का कहना है कि लिफ्ट में ऐसी कम्युनिकेशन व्यवस्था होनी चाहिए, जिसके जरिए मोबाइल नेटवर्क न होने पर भी फंसे लोग मॉल की सुरक्षा टीम या इमरजेंसी स्टाफ से तुरंत संपर्क कर सकें।
HNS मॉल की लिफ्ट में एक घंटे तक फंसे रहे आठ लोग
बर्थडे पार्टी में शामिल होने आए थे लोग
जानकारी के अनुसार, लिफ्ट में 8 लोग सवार हुए थे। ये लोग मॉल के रोमियो लेन में 31वें फ्लोर पर आयोजित बर्थडे पार्टी में शामिल होने के लिए पहुंचे थे। कार्यक्रम समाप्त होने के बाद ये सभी लोग नीचे आने के लिए लिफ्ट में सवार हुए थे। इसी दौरान अचानक लिफ्ट बीच में ही बंद हो गई और सभी लोग अंदर फंस गए। लगभग एक घंटे तक वे लिफ्ट के अंदर ही कैद रहे, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
मोबाइल नेटवर्क न होने से बढ़ी परेशानी
फंसे हुए लोगों ने बताया कि लिफ्ट के अंदर मोबाइल नेटवर्क पूरी तरह से गायब था, जिसकी वजह से बाहर मौजूद लोगों या सुरक्षा टीम से तुरंत संपर्क करना उनके लिए बेहद मुश्किल हो गया। लोगों ने सवाल उठाया है कि अगर ऐसी स्थिति में किसी बच्चे, बुजुर्ग या किसी अन्य व्यक्ति को कोई मेडिकल इमरजेंसी हो जाए, तो फौरन मदद कैसे पहुंचाई जाएगी।
लिफ्ट सुरक्षा और रेस्क्यू व्यवस्था पर सवाल
करीब एक घंटे तक लिफ्ट में घबराहट भरे माहौल में फंसे रहने के बाद लोगों ने मॉल की लिफ्ट सुरक्षा व्यवस्था और इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि आठ लोगों के लिफ्ट में फंसने के बाद उन्हें इतनी देर तक अंदर क्यों रहना पड़ा और ऐसी स्थिति में रेस्क्यू के लिए मॉल का इमरजेंसी प्रोटोकॉल क्या है, इसकी जानकारी स्पष्ट होनी चाहिए। इस घटना के बाद अब आगंतुकों और स्थानीय लोगों द्वारा मॉल प्रबंधन से मांग की जा रही है कि वे अपनी लिफ्ट के इमरजेंसी सिस्टम, अलार्म, कम्युनिकेशन व्यवस्था और रेस्क्यू रिस्पॉन्स टीम की कार्यप्रणाली की तुरंत समीक्षा करें, ताकि भविष्य में इस तरह की खतरनाक लापरवाही से बचा जा सके।
