सोमवार 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस है और उसके लिए तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। गणतंत्र दिवस का पर्व राष्ट्रपर्व है, जिसका सबसे बड़ा जश्न दिल्ली में कर्तव्य पथ पर होता है। यहां देश की सैन्य और सांस्कृतिक शक्ति की झलक देखने को मिलती है। लेकिन पीने वालों के लिए बता दें कि सोमवार को गणतंत्र दिवस के अवसर पर ड्राइ डे भी रहेगा। इस दिन शराब की दुकानें बंद रहती हैं। इसलिए सोमवार 26 जनवरी को आपको ढूंढ़ने से भी शराब नहीं मिलेगी।
मार्च तक 6 ड्राई डे की पूरी लिस्ट
सिर्फ सोमवार 26 जनवरी को ही नहीं, मार्च तक 6 दिन ड्राई डे रहेगा। इन छह दिनों में शराब की बिक्री पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगी। दिल्ली के आबकारी विभाग ने हाल ही में ड्राई-डे की लिस्ट जारी किया है। इस दौरान शराब की दुकानें तो बंद रहेंगी ही। साथ ही बार और अन्य संबंधित प्रतिष्ठानों पर भी शराब की बिक्री बंद रहेगी। इन छह दिन शराब परोसने और वितरण पर पूरी तरह से रोक रहेगी। हालांकि, आधिकारिक आदेश में होटलों को कुछ हद तक छूट दी गई है। जिन होटलों के पास शराब परोसने का लाइसेंस है, वह इन ड्राई-डे के दिन भी अपने मेहमानों को शराब परोस सकते हैं। हालांकि, बाहरी ग्राहकों को इसकी बिक्री की इजाजत नहीं दी गई है।
आने वाले हैं ये 6 ड्राई-डे
- सोमवार 26 जनवरी - गणतंत्र दिवस
- रविवार 15 फरवरी - महाशिवरात्रि
- बुधवार 04 मार्च - होली
- शनिवार 21 मार्च- ईद-उल-फितर
- गुरुवार 26 मार्च - रामनवमी
- मंगलवार 31 मार्च - महावीर जयंती
दुनिया में घट रही शराब की बिक्री
ये बात तो आप जानते ही हैं कि कोविड काल के बाद ग्लोबल स्पिरिट्स इंडस्ट्री में जबरदस्त बूम आया था और इस बूम के बाद इंडस्ट्री में मंदी का दौर है। व्हिस्की और स्प्रिट्स बिक्री सहित दुनिया की सबसे बड़ी लिस्टेड कंपनियों के पास फिलहाल लगभग 2 लाख करोड़ की शराब स्टॉक में जमा है। IWSR की रिपोर्ट के अनुसार, यह इंडस्ट्री पिछले 10 साल के सबसे खराब दौर में है।
2021 -22 में कंपनियों ने भविष्य में मांग का लगत अनुमान लगा लिया गया था, जिससे उन्होंने रिकॉर्ड उत्पादन किया। लेकिन इस दौरान महंगाई के चलते उपभोक्ताओं की क्रय शक्ति कम हो गई। अब स्टॉक निकालने के लिए कंपनियां छूट और ऑफर बढ़ा रही हैं। जानकारों के अनुसार कंपनियों को ब्रांड और प्रीमियम ब्रांड की बोतलों की कीमतों में 22 फीसद तक की कटौती करनी पड़ रही है। जानकारों का मानना है कि सेहत के प्रति जागरुकता और वेट मैनेजमेंट करने वाली दवाओं के बढ़ते इस्तेमाल ने लोगों की शराब पीने की इच्छा भी कम कर दी है।
