विदेशों में छिपे अपराधियों पर भारत का बड़ा प्रहार, यूएई और सऊदी अरब से डिपोर्ट किए गए दो शातिर आरोपी; क्या थे आरोप

CBI ने MEA और NIA के सहयोग से 5 करोड़ की धोखाधड़ी के आरोपी अविनाश राठौड़ को UAE से और हत्या के आरोपी मुहम्मदअली को सऊदी अरब से भारत डिपोर्ट कराया है।

दिल्ली : केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने एक बार फिर अपनी अंतरराष्ट्रीय समन्वय क्षमता का लोहा मनवाते हुए विदेश मंत्रालय (MEA) और गृह मंत्रालय (MHA) के सहयोग से दो प्रमुख वांछित अपराधियों को भारत लाने में बड़ी सफलता हासिल की है। इंटरपोल के साथ मिलकर की गई इस समन्वित कार्रवाई के तहत आर्थिक धोखाधड़ी के एक आरोपी को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से और हत्या व गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल एक अन्य आरोपी को सऊदी अरब से भारत डिपोर्ट किया गया है। दोनों ही मामलों में आरोपी 23 जुलाई 2026 को भारत पहुंचे, जिसके बाद उन्हें संबंधित जांच एजेंसियों ने अपनी हिरासत में ले लिया है।

Mohammad Ali

मुहम्मदअली कन्नीर पल्लीयालिल

आर्थिक धोखाधड़ी का आरोपी अविनाश राठौड़ यूएई से गिरफ्तार

पहले मामले में, CBI ने 5 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के आरोपी अविनाश अर्जुन राठौड़ को यूएई से भारत वापस लाने में सफलता पाई है। आरोपी पर आरोप है कि उसने निवेशकों को आकर्षक रिटर्न का झांसा देकर उनसे करोड़ों रुपये निवेश कराए और बाद में इस रकम का गबन कर लिया। धोखाधड़ी के बाद वह धन को अलग-अलग बैंक व डीमैट खातों के जरिए छिपाने की कोशिश में था। इंटरपोल द्वारा उसके खिलाफ जारी 'रेड नोटिस' के आधार पर उसे यूएई से डिपोर्ट किया गया। मुंबई पहुंचने पर महाराष्ट्र पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया है और अब उससे पूछताछ की जा रही है, ताकि मामले के अन्य सहयोगियों और धन की अवैध निकासी के रास्तों का पता लगाया जा सके।

End of Feed