Sitamarhi NEET Protest Violence: बिहार के सीतामढ़ी में नीट (NEET) परीक्षा पेपर लीक मामले की आड़ में शनिवार को हुए उग्र प्रदर्शन और हिंसा के खिलाफ पुलिस ने अपना शिकंजा कस दिया है। डुमरा थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अब तक 14 आरोपियों को गिरफ्तार कर मेडिकल जांच के बाद न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। हिंसा में शामिल अन्य उपद्रवियों की पहचान के लिए सीतामढ़ी पुलिस ने 159 संदिग्धों की तस्वीरें सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर जारी की हैं।
नीट प्रदर्शन में हिंसा पर सख्त बिहार पुलिस
पुलिस प्रशासन ने आम जनता से अपील की है कि वे इन तस्वीरों को देखकर आरोपियों की पहचान करने में मदद करें। सूचना देने वाले व्यक्ति का नाम और पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी। इसके लिए विशेष मोबाइल नंबर भी जारी किए गए हैं। पुलिस का साफ कहना है कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने और शांति भंग करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।
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तेजस्वी यादव ने सरकार को दी चेतावनी
इसी बीच, इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। बिहार के नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने सरकार को चेतावनी दी थी कि यदि प्रदर्शनकारी छात्रों पर दर्ज प्राथमिकियां (FIR) वापस नहीं ली गईं, तो वे बड़ा आंदोलन करेंगे। तेजस्वी के इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए बिहार सरकार के मंत्री अशोक चौधरी ने कहा कि सरकार इस पूरे मामले को बहुत गंभीरता से देख रही है।
मंत्री ने दिया जवाब
उन्होंने कहा, "छात्र हमारे अपने हैं, लेकिन सरकारी संपत्ति की सुरक्षा और हिंसा को रोकने के लिए पुलिस को कड़े कदम उठाने पड़ते हैं।" मंत्री ने स्पष्ट किया कि दर्ज मुकदमों में यह गहराई से देखा जाएगा कि कौन निर्दोष छात्र है और कौन उपद्रवी। जो लोग छात्रों के आंदोलन के पीछे से हिंसा का संचालन (ऑपरेट) कर रहे हैं, उनके सामने आते ही सख्त कार्रवाई की जाएगी और उन्हें किसी भी कीमत पर नहीं छोड़ा जाएगा।
