बिहार में आज का मौसम (26 Feb 2026): बिहार में इस समय प्रकृति का एक अजीब विरोधाभास देखने को मिल रहा है। सुबह और रात की गुलाबी ठंड अभी गई नहीं है, लेकिन दोपहर की तपिश ने पसीने छुड़ाने शुरू कर दिए हैं। आलम यह है कि सूरज की किरणों में अब वो नरमी नहीं रही और राज्य के कई जिलों में पारा 30 डिग्री सेल्सियस के पार निकल गया है। मौसम के इस बदलते मिजाज ने लोगों को ऊनी कपड़े हटाकर पंखे और जल्द ही कूलर चलाने की तैयारी करने पर मजबूर कर दिया है।
बिहार में बढ़ी गर्मी
कैमूर में सबसे ज्यादा तपिश
बिहार के दक्षिणी और पश्चिमी हिस्सों में गर्मी ने समय से पहले दस्तक दे दी है। कैमूर जिला इस समय राज्य का सबसे गर्म इलाका बना हुआ है, जहां तापमान 31.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा नालंदा (राजगीर), शेखपुरा और डेहरी में भी पारा 30 डिग्री के ऊपर बना हुआ है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि दक्षिण-मध्य बिहार के जिलों में मार्च की शुरुआत होते ही तेज गर्मी का अहसास होने लगेगा।
दिन में पसीना और रात में कनकनी
वर्तमान में बिहार 'दोहरे मौसम' की मार झेल रहा है। जहां दोपहर में पारा 31 डिग्री तक जा रहा है, वहीं रात का न्यूनतम तापमान कई जगह अब भी 12 से 15 डिग्री के बीच बना हुआ है। राजगीर में न्यूनतम तापमान 12.5 डिग्री दर्ज किया गया, जो दिन के मुकाबले काफी कम है। डॉक्टरों ने सलाह दी है कि अभी पूरी तरह से गर्म कपड़े न छोड़ें, खासकर सुबह और रात के समय सावधानी बरतें।
पछुआ हवा और बादलों की लुकाछिपी
पटना मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, वर्तमान में पछुआ हवाओं का प्रभाव बना हुआ है, जिससे सुबह के समय हल्की सिहरन महसूस होती है। हालांकि, 2 मार्च के आसपास हिमालयी क्षेत्रों में एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) सक्रिय होने वाला है। इसके असर से बिहार के आसमान में आंशिक रूप से बादल छा सकते हैं, लेकिन तापमान में बड़ी गिरावट की संभावना कम ही है। मौसम विभाग का कहना है कि 29 से 32 डिग्री सेल्सियस का यह तापमान 'प्री-समर' यानी गर्मी की आहट है। अगले एक-दो हफ्तों में यदि हवाएं शुष्क रहीं, तो पारा और तेजी से ऊपर चढ़ेगा। अनुमान लगाया जा रहा है कि होली आने तक बिहार के अधिकांश हिस्सों में दोपहर की गर्मी असहनीय हो जाएगी।
