Bihar News: बिहार में राजस्व से जुड़े दो सबसे महत्वपूर्ण कोर्ट अपर समाहर्ता कोर्ट (Additional Collector Court) और डीसीएलआर कोर्ट की सारी प्रक्रिया ऑनलाइन पूरी की जाएगी। जानकारी के अनुसार, ये प्रक्रिया 1 अप्रैल से ऑनलाइन हो जाएगी। इस दौरान जमीन से संबंधित मामलों की सुनवाई भी ऑनलाइन पूरी की जाएगी। बता दें कि अपर कलेक्टर और डीसीएलआर कोर्ट की सारी प्रक्रियाओं को ऑनलाइन करने के लिए राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के संयुक्त सचिव ने सभी कलेक्टरों को पत्र भी भेजा है।
जमीन से जुड़े मामलों की होगी ऑनलाइन सुनवाई
राजस्व से जुड़े कोर्ट की प्रक्रिया होगी ऑनलाइन
राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के संयुक्त सचिव द्वारा लिखे गए पत्र में अपर कलेक्टर और डीसीएलआर कोर्ट की प्रक्रिया को ऑनलाइन करने का आग्रह किया गया है। इसमें प्रक्रिया शुरू करने की तिथि का भी जिक्र किया गया है। मिली जानकारी के अनुसार, जमीन से जुड़े मामलों की ऑनलाइन सुनवाई 1 अप्रैल से शुरू की जा सकती है।
जमीन से जुड़े मामलों का होगा जल्द समाधान
जमीन से जुड़े मामले और बीएलडीआर एक्ट से संबंधित कई मामले डीसीएलआर कोर्ट में आते हैं। वहीं जमाबंदी रद्द होने से संबंधित मामले अपर समाहर्ता कोर्ट (Additional Collector Court) में आते हैं। कोर्ट द्वारा इन मामलों पर सुनवाई की जाती है। लेकिन अब इस प्रक्रिया को पूरी तरह से ऑनलाइन करने की तैयारी की जा रही है। इससे जमीन से जुड़े मुद्दे और जमाबंदी रद्द होने से संबंधित समस्या का जल्द निपटारा हो पाएगा। इस प्रक्रिया को ऑनलाइन करने के पीछे मुख्य उद्देश्य ये है कि पहले के समय में इन मामलों के बारे में सही से पता नहीं लग पाता था। एक मामला 9 से 10 साल पेंडिंग पड़ा रहता था। लेकिन प्रक्रिया ऑनलाइन होने के बाद मामलों की मॉनिटरिंग की जा सकेगी और उनकी सुनवाई समय से करते हुए मामलों को जल्द से जल्द सुलझाया जा सकेगा।
ऑनलाइन सुनवाई के लिए सॉफ्टवेयर की सुविधा
मिली जानकारी के अनुसार, कोर्ट की सभी प्रक्रिया को ऑनलाइन करने के लिए सॉफ्टवेयर की सुविधा दी जा चुकी है, जिसके चलते अपर समाहर्ता कोर्ट में भूदान, भू-हदबंदी, जमाबंदी व अन्य संबंधित मामलों की अपील पर ऑनलाइन सुनवाई की जाएगी। इसके साथ ही डीसीएलआर कोर्ट में भी सॉफ्टवेयर की सुविधा उपलब्ध होने के बाद यहां भूमि मापी, लगान और इससे संबंधित मामलों की सुनवाई ऑनलाइन हो जाएगी।
