Rewa News: मध्य प्रदेश के रीवा जिले में नशे के अवैध कारोबार के फलने-फूलने पर रीवा रेंज के इंस्पेक्टर जनरल (IG) गौरव राजपूत ने पुलिसकर्मियों को कड़ी चेतावनी दी है। जिले में नशीली कफ सिरप 'कोरेक्स' की जगह-जगह बिक्री से पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़े हो रहे थे। सोमवार को कृष्णा राजकपूर ऑडिटोरियम में पुलिसकर्मियों को संबोधित करते हुए आईजी ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि हर विभाग में कुछ लोग ऐसे होते हैं जो 'तालाब को गंदा करने' का काम करते हैं, और उन्हें समय रहते सुधर जाने की जरूरत है।
Rewa IG की पुलिसकर्मियों को खुली चेतावनी (Photo- iStock)
अवैध कारोबार में पुलिस की संलिप्तता पर संदेह
आईजी गौरव राजपूत ने सीधे तौर पर नशीली सिरप के अवैध कारोबार में पुलिसकर्मियों और थाना प्रभारियों की संभावित संलिप्तता की ओर इशारा करते हुए कहा कि "हर मंदिर, मस्जिद, सार्वजनिक स्थान के बाहर कोरेक्स की शीशी देखी है" और यह "बीट प्रभारी और थाना प्रभारी की जानकारी के बिना संभव नहीं है।" आईजी ने खुलासा किया कि पिछले चार महीनों में उन्होंने इस तरह की गतिविधियों में लिप्त लोगों की पूरी सूची तैयार कर ली है। उन्होंने उन लोगों को चेतावनी देते हुए कहा, "मैं नहीं चाहता कि मैं उस सूची में आगे बढूं। उस पर अपनी प्रतिक्रिया दूं, जिससे आपको शर्मिंदा होना पड़े।"
ऑपरेशन प्रहार 2 शुरू
जिले को नशे की गिरफ्त से पूरी तरह मुक्त कराने के लिए पुलिस द्वारा 'ऑपरेशन प्रहार 2' शुरू किया गया है। आईजी राजपूत ने चेतावनी दी कि जो लोग इस तरह की गतिविधियों में लिप्त हैं, वे लापरवाही बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किए जाने की बात को समझ लें। उन्होंने 15 दिन का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अभियान शुरू होने के बाद पकड़े जाने पर ऐसे लोग अपने अंजाम के लिए खुद जवाबदार होंगे। आईजी ने कहा कि ऐसे पुलिसकर्मियों के परिवारों को समाज के सामने 'लज्जा का हार पहनकर' जाना पड़ेगा।
