बिजली उपभोक्ताओं हो जाओ सावधान, MP में बिजली बिल के नाम पर ठगी, फर्जी मैसेज से जाल में फंस रहे लोग

MP Cyber ​​Crime: एमपी में बिजली उपभोक्ताओं के साथ साइबर ठगी के मामले सामने आ रहे हैं। साइबर ठग उपभोक्ताओं को बकाया बिजली का बिल होने की बात कहकर कनेक्शन काटने का मैसेज करते हैं और लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं।

KEY HIGHLIGHTS
  • उपभोक्ताओं को बिजली कनेक्शन काटने का आता है मैसेज
  • एसएमएस या व्हाट्सएप आदि से दी जाती है धमकी
  • ठग बिल जमा करने के लिए मोबाइल पर भेजते है खास लिंक

MP Cyber Crime: मध्य प्रदेश में साइबर ठगी की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। अब उनके निशाने पर बिजली उपभोक्ता भी आ गए हैं। ठग बिजली उपभोक्ताओं को तरह-तरह के मैसेज भेजते हैं और बिजली कनेक्शन काटे जाने का डर दिखाकर ठगी करने की कोशिश करते हैं। बिजली विभाग तक जो जानकारी आई है उसमें पता चला है कि साइबर जालसाजों द्वारा बिल का तुरंत भुगतान न करने पर बिजली काटने की धमकी एसएमएस, व्हाट्सएप आदि से दी जाती है। बिल भरने के लिए आई.वी.आर. तकनीक से फोन कॉल पर नंबर दबाने या फिर मोबाइल पर विशेष लिंक से बकाया राशि जमा करने के लिए कहा जाता है।

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एमपी में बढ़ रहे साइबर ठगी के मामले (सांकेतिक फोटो)

पढ़ें-लिखे लोग भी हो रहे शिकार

इन ठगों की जालसाजी का शिकार गांव ही नहीं बड़े शहरों के पढ़े-लिखे लोग भी बन रहे हैं। उन्होंने राज्य के कई वरिष्ठ अधिकारियों के नाम से फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बनाकर ठगी करने में भी हिचक नहीं दिखाई। जबलपुर के कलेक्टर दीपक सक्सेना के नाम पर एक फर्जी अकाउंट बनाकर उनके करीबी रिश्तेदार से 25 हजार रुपये ट्रांसफर करा लिए। यह मामला पुलिस तक भी पहुंचा है। इसी तरह, धार जिले के कलेक्टर प्रियंक मिश्रा के नाम का फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाया गया। इतना ही नहीं, बैतूल जिले के आमला से भाजपा विधायक डॉ. योगेश पंडाग्रे को भी ठगने की कोशिश हुई। उनकी शिकायत पर आरोपी उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया गया है।

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