भरत तिवारी एनकाउंटर केस में बड़ा मोड़, परिजनों की शिकायत पर डीएसपी-थानेदार समेत कई पुलिसकर्मियों पर हत्या का मुकदमा दर्ज

बिहार के भोजपुर में चर्चित भरत तिवारी एनकाउंटर मामला लगातार विवादों में घिरता जा रहा है। घटना के पांच दिन बाद परिजनों की शिकायत पर पुलिस अधिकारियों समेत कई पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है, जिसके बाद सरकार ने रिटायर्ड हाईकोर्ट जज से न्यायिक जांच कराने का फैसला लिया है।

Bharat Tiwari: बिहार के भोजपुर जिले में चर्चित भरत तिवारी एनकाउंटर मामले ने नया मोड़ ले लिया है। मुठभेड़ में भरत तिवारी की मौत के पांच दिन बाद उसके परिजनों की शिकायत पर शाहपुर थाना में हत्या का मामला दर्ज किया गया है। दर्ज एफआईआर में जगदीशपुर के एसडीपीओ राजेश शर्मा और शाहपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष राजेश मालाकार को नामजद आरोपी बनाया गया है। इसके अलावा एनकाउंटर के दौरान मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों को भी मामले में शामिल किया गया है। भरत तिवारी की मौत को लेकर शुरू से ही परिजन, स्थानीय लोग और विभिन्न राजनीतिक दल सवाल उठाते रहे हैं। मामले को लेकर लगातार बढ़ते विवाद और राजनीतिक दबाव के बीच राज्य सरकार ने भी संज्ञान लिया है। बढ़ते सियासी विवाद को देखते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच के लिए हाईकोर्ट के एक सेवानिवृत्त न्यायाधीश से जांच कराने के निर्देश दिए हैं।

Bharat Tiwari

भरत तिवारी एनकाउंटर मामले पर बड़ा अपडेट

पुलिस के सामने किया आत्मसमर्पण

भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र में भरत तिवारी उर्फ भरत भूषण तिवारी एनकाउंटर मामले में सोमवार को एक नया मुकदमा दर्ज किया गया। यह एफआईआर भरत तिवारी की मां आशा देवी की शिकायत के आधार पर दर्ज की गई है। शिकायत में उन्होंने आरोप लगाया है कि 17 जून की सुबह डीएसपी और थानाध्यक्ष के नेतृत्व में पुलिस टीम उनके घर पहुंची और भरत को अपने साथ लेकर जवइनिया बाढ़ विस्थापितों के लिए आवंटित भूमि वाले इलाके में गई। बताया गया है कि भरत इस क्षेत्र से जुड़ी समस्याओं को फेसबुक लाइव के माध्यम से लगातार उठाता रहा था। मां आशा देवी के अनुसार, घटनास्थल पर पहुंचने के बाद भरत ने अपना हथियार पुलिस के सामने डालकर आत्मसमर्पण कर दिया था। इसके बावजूद पुलिसकर्मियों ने उसे धक्का देकर एक गड्ढे में गिरा दिया। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि मौके पर मौजूद डीएसपी के निर्देश पर पुलिस ने उस पर फायरिंग की, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। बाद में उसे वाहन में बैठाकर ले जाया गया और शाम को पुलिस की ओर से उसके निधन की सूचना दी गई।

End of Feed