Bombay HC judge : मुंबई में साइबर ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें बॉम्बे हाई कोर्ट के एक जज को ही निशाना बनाया गया। इस मामले में मुंबई पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। मुंबई की खार पुलिस ने झारखंड के जामताड़ा से 25 वर्षीय मझहर आलम इस्राइल मियां को हिरासत में लिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने फर्जी कस्टमर केयर नंबर और एक फिशिंग ऐप के जरिए जज को अपने जाल में फंसाया।
जज को झांसा देकर ठगने वाला अरेस्ट। तस्वीर-टाइम्स नाउ नवभारत
6 लाख 2 हजार रुपये की ठगी को अंजाम दिया
उसने क्रेडिट कार्ड के रिवॉर्ड पॉइंट्स दिलाने का झांसा देकर करीब 6 लाख 2 हजार रुपये की ठगी को अंजाम दिया। जांच में सामने आया है कि आरोपी संगठित साइबर ठगी नेटवर्क का हिस्सा है, जो देशभर में सक्रिय है। पुलिस के मुताबिक, उसका नाम 10 अलग-अलग राज्यों में दर्ज कम से कम 36 साइबर ठगी के मामलों में सामने आ चुका है, जिससे उसके आपराधिक नेटवर्क की व्यापकता का अंदाजा लगाया जा सकता है। इस पूरे ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए खार पुलिस ने करीब 10 दिनों तक लगातार जांच की।
जामताड़ा साइबर सेल की ली गई मदद
इस दौरान झारखंड के जामताड़ा साइबर सेल और कर्माटांड़ पुलिस की मदद ली गई, जिसके बाद आरोपी को पकड़ने में सफलता मिली। फिलहाल मुंबई पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस गिरोह में और कौन-कौन शामिल हैं और नेटवर्क किस स्तर तक फैला हुआ है।
ग्राहक सेवा अधिकारी बनकर बात की
पुलिस का कहना है कि आप जब इस तरह के नंबर डायल करते हैं, तो साइबर ठगों द्वारा आपको एक APK फाइल भेजी जाती है। उस नंबर पर कॉल करने के बाद, जज को 18 एमबी का एक एप्लिकेशन डाउनलोड करने के लिए व्हाट्सएप लिंक मिला। जब फाइल उनके आईफोन पर नहीं खुली, तो ग्राहक सेवा अधिकारी बनकर बात कर रहे ठगों ने उन्हें इसके बजाय एंड्रायड डिवाइस का उपयोग करने की सलाह दी थी।
