अमरेली : गुजरात के अमरेली जिले के तट पर अरब सागर में मंगलवार शाम खराब मौसम के कारण दो नौकाएं पलट गईं, जिससे आठ मछुआरे लापता हो गए जबकि 10 मछुआरों को बचा लिया गया है। राजुला के उप-विभागीय मजिस्ट्रेट (एसडीएम) मेहुल बारासरा ने बताया कि स्थानीय मछुआरों और तटरक्षक बल की मदद से लापता लोगों की तलाश और बचाव अभियान शुरू कर दिया गया है। यह हादसा शाम करीब छह बजे उस दौरान हुआ जब अमरेली जिले के जाफराबाद शहर के तट से लगभग 19 समुद्री मील दूर समुद्र में 18 मछुआरों को लेकर जा रही दो नौकाएं पलट गई थीं।
अरब सागर का किनारा (फोटो-@Vargisha_Ramani)
अधिकारी ने बताया कि दोनों नौकाओं में नौ-नौ मछुआरे सवार थे, लेकिन खराब मौसम के कारण यह पलट गई। उनमें से 10 को पास में मौजूद दूसरी नौका से तुरंत बचा लिया गया, लेकिन दोनों नौकाओं के आठ-आठ लोग लापता हैं। एसडीएम ने बताया कि समुद्र की खराब स्थिति के कारण खोज एवं बचाव अभियान में तटरक्षक के हेलीकॉप्टर के बजाय नौकाओं की मदद ली जा रही है।
कैसा रहेगा गुजरात का मौसम
स्काईमेट के मुताबिक, उत्तर-पूर्वी अरब सागर और गुजरात के पास चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। 19 अगस्त को सौराष्ट्र और दक्षिणी तटीय गुजरात में व्यापक बारिश होगी। अगले दो दिनों यानी 20 और 21 अगस्त में इसका दायरा बढ़कर पूरे दक्षिणी तटीय गुजरात, सौराष्ट्र और कच्छ तक पहुंच जाएगा। खतरे में रहने वाले प्रमुख शहरों में दक्षिण गुजरात के सूरत, वलसाड, नवसारी, वापी और भरूच शामिल हैं। साथ ही सौराष्ट्र क्षेत्र में भावनगर, महुवा, जाफराबाद, वेरावल, गिर सोमनाथ, दीव, जूनागढ़, पोरबंदर, द्वारका, ओखा, जामनगर, मोरबी और राजकोट प्रभावित हो सकते हैं। वहीं कच्छ के भुज, मांडवी, नलिया, लाखपत, अंजार, भचाऊ, कांडला और गांधीधाम में भी भारी बारिश का खतरा मंडरा रहा है।
अहमदाबाद, गाँधीनगर, वडोदरा, आनंद, खेड़ा, अरावली, दाहोद, मेहसाणा, पालनपुर, साबरकांठा और बनासकांठा ये सभी जिले तेज बारिश से बच जाएंगे। यहाँ केवल मध्यम बारिश दर्ज होगी। पूरे गुजरात में 23 अगस्त से मौसम में सुधार की उम्मीद है।
