What is Mutual Fund NAV: अगर आप म्यूचुअल फंड (Mutual Fund) में निवेश करते हैं या करने की सोच रहे हैं तो आपको नेट एसेट वैल्यू (Net Asset Value) या एनएवी (NAV) के बारे में जरूर पता होना चाहिए। किसी म्यूचुअल फंड स्कीम के प्रदर्शन का एनएवी के जरिए ही पता चलता है। सरल शब्दों में कहें तो एनएवी स्कीम के पास मौजूद सिक्योरिटी की एक यूनिट का बाजार मूल्य है।
म्यूचुअल फंड NAV क्या है
कैसे होती है एनएवी की कैलकुलेशन
म्यूचुअल फंड निवेशकों से इकट्ठे किए गए पैसे को सिक्योरिटी मार्केट में निवेश करते हैं। सिक्योरिटीज (शेयर, बॉन्ड आदि) का मार्केट प्राइस हर दिन बदलता है, इससे किसी योजना का एनएवी भी दिन-प्रतिदिन बदलता रहता है। प्रति यूनिट एनएवी के लिए स्कीम की सिक्योरिटीज के मार्केट प्राइस को स्कीम की इकाइयों की कुल संख्या से विभाजित किया जाता है। इससे उसकी एक यूनिट की एनएवी पता लगती है।
क्यों जरूरी है एनएवी
एनएवी से ही पता लगता है कि आप जितना निवेश या एसआईपी (SIP) किसी म्यूचुअल फंड स्कीम में करेंगे, तो बदले में आपकी स्कीम की कितनी यूनिट मिलेंगी। उदाहरण के लिए किसी स्कीम की एनएवी 100 रु है आप उसमें 5000 रु का निवेश करें तो आपको 50 यूनिट मिलेंगी।
एनएवी को लेकर सेबी के क्या हैं नियम
मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) के म्यूचुअल फंड हाउसों के लिए जारी नियमों के अनुसार, सभी म्यूचुअल फंड योजनाओं की एनएवी बाजार बंद होने के बाद कारोबारी दिन के अंत में घोषित की जाती है।
डिस्क्लेमर : यहां मुख्य तौर पर म्यूचुअल फंड की एनएवी की जानकारी दी गयी है, निवेश की सलाह नहीं। म्यूचुअल फंड में जोखिम होता है, इसलिए निवेश अपने जोखिम पर करें। निवेश करने से पहले एक्सपर्ट की राय जरूर लें।
