देश के स्टार्टअप इकोसिस्टम को नई रफ्तार देने के लिए उद्योग मंडल फिक्की (FICCI) ने एक बड़ा कदम उठाया है। संगठन ने मंगलवार (14 जुलाई 2026) को देश का पहला समर्पित ‘फैमिली ऑफिस’ मंच (Family Office Forum) लॉन्च किया। इस फोरम का उद्देश्य देश के धनाढ्य परिवारों की पूंजी को स्टार्टअप और नवाचार (Innovation) से जोड़ना है। माना जा रहा है कि इस पहल से भारतीय स्टार्टअप्स के लिए 30 अरब डॉलर से अधिक की निवेश क्षमता का रास्ता खुल सकता है।
FICCI की नई पहल से स्टार्टअप्स को मिल सकती है बड़ी फंडिंग, 300 फैमिली ऑफिस होंगे एक मंच पर (तस्वीर-X)
क्या होता है फैमिली ऑफिस?
फैमिली ऑफिस एक ऐसी निजी सलाहकार संस्था होती है, जो संपन्न और उच्च आय वाले परिवारों की संपत्ति, निवेश, टैक्स प्लानिंग, वित्तीय रणनीति और अन्य आर्थिक मामलों का मैनेजमेंट करती है। इसका मुख्य उद्देश्य परिवार की संपत्ति को सुरक्षित रखना, उसे बढ़ाना और आने वाली पीढ़ियों तक सही तरीके से पहुंचाना होता है। भारत में ऐसे फैमिली ऑफिस की संख्या लगातार बढ़ रही है और अब वे निवेश के क्षेत्र में भी बड़ी भूमिका निभा रहे हैं।
क्यों शुरू किया गया यह नया मंच?
फिक्की के अनुसार, देश में इस समय करीब 300 फैमिली ऑफिस सक्रिय हैं, जिनके पास 30 अरब डॉलर से अधिक की पारिवारिक पूंजी मौजूद है। अब तक इस पूंजी का बड़ा हिस्सा विभिन्न पारंपरिक निवेश विकल्पों में लगाया जाता रहा है। नए मंच के जरिए इस पूंजी को स्टार्टअप्स और नए बिजनेस आइडियाज तक पहुंचाने की कोशिश की जाएगी, ताकि देश में इनोवेशन को बढ़ावा मिले और नए उद्यमों को फंडिंग आसानी से उपलब्ध हो सके।
स्टार्टअप्स और निवेशकों के बीच बनेगा मजबूत पुल
फिक्की का यह नया मंच फैमिली ऑफिस और स्टार्टअप्स के बीच एक मजबूत कड़ी का काम करेगा। इसके जरिए निवेशकों और उद्यमियों को एक-दूसरे से जुड़ने का मौका मिलेगा। साथ ही, यह मंच विचार-विमर्श, साझेदारी, निवेश समझौते और सह-निवेश जैसे अवसर भी उपलब्ध कराएगा। इससे स्टार्टअप्स को केवल पूंजी ही नहीं, बल्कि अनुभवी निवेशकों का मार्गदर्शन भी मिल सकेगा।
संजीव भिखचंदानी ने बताई मंच की जरुरत
न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक इस अवसर पर फिक्की स्टार्टअप समिति के प्रमुख और इन्फो एज के संस्थापक एवं कार्यकारी वाइस चेयरमैन संजीव भिखचंदानी ने कहा कि भारत में फैमिली ऑफिस पूंजी का एक बड़ा और तेजी से बढ़ता हुआ स्रोत बन चुके हैं, लेकिन अब तक उनकी जरूरतों के अनुसार कोई समर्पित मंच उपलब्ध नहीं था। उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे भारत की अर्थव्यवस्था आगे बढ़ेगी, वैसे-वैसे फैमिली ऑफिस की संख्या और उनका आकार दोनों बढ़ेंगे। ऐसे में उनके लिए एक ऐसा प्लेटफॉर्म जरूरी है, जहां वे अपने अनुभव साझा कर सकें, नए निवेश अवसरों पर चर्चा कर सकें और मिलकर बड़े निवेश कर सकें।
अर्थव्यवस्था को मिलेगा नया निवेश स्रोत
संजीव भिखचंदानी का मानना है कि फैमिली ऑफिस अब केवल निजी संपत्ति का प्रबंधन करने वाली संस्थाएं नहीं रह गई हैं, बल्कि वे भारत की आर्थिक प्रगति में योगदान देने वाले पेशेवर निवेशकों के रूप में उभर रही हैं। लंबे समय के निवेश और रणनीतिक सोच के कारण वे स्टार्टअप्स को स्थिर और भरोसेमंद पूंजी उपलब्ध करा सकती हैं। इससे नई कंपनियों को अपने कारोबार का विस्तार करने और रोजगार के नए अवसर पैदा करने में मदद मिलेगी।
भारत में तेजी से बढ़ रहा है फैमिली ऑफिस का दायरा
पिछले कुछ वर्षों में भारत में फैमिली ऑफिस की संख्या में तेज बढ़ोतरी हुई है। देश में बढ़ती संपन्नता और नई पीढ़ी के उद्यमियों के कारण कई बड़े कारोबारी परिवार अपनी संपत्ति के बेहतर प्रबंधन के लिए फैमिली ऑफिस बना रहे हैं। अब ये संस्थाएं केवल शेयर बाजार या रियल एस्टेट तक सीमित नहीं हैं, बल्कि स्टार्टअप्स, प्राइवेट मार्केट और नई तकनीकों में भी निवेश कर रही हैं।
स्टार्टअप इकोसिस्टम को मिलेगा बड़ा फायदा
एक्सपर्ट्स का मानना है कि फिक्की का यह नया मंच भारतीय स्टार्टअप इकोसिस्टम के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। इससे स्टार्टअप्स को नए निवेशकों तक पहुंचने का अवसर मिलेगा, जबकि फैमिली ऑफिस को बेहतर निवेश विकल्प मिलेंगे। अगर इस मंच के माध्यम से बड़ी मात्रा में पूंजी स्टार्टअप्स तक पहुंचती है, तो इससे देश में इनोवेशन को बढ़ावा मिलेगा, नई कंपनियां मजबूत होंगी और भारत की अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिलेगी।
