silver Prices At New Record High Level: अमेरिकी शुल्क धमकियों और डॉलर की कमजोरी के बीच निवेशकों की सुरक्षित निवेश की ओर बढ़ती रुचि के चलते राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के सर्राफा बाजार में चांदी की कीमतों में जबरदस्त उछाल आया है। सोमवार को चांदी ₹5,000 की बढ़त के साथ ₹1,15,000 प्रति किलोग्राम के नए रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई। अखिल भारतीय सर्राफा संघ ने यह जानकारी दी। इससे पहले शनिवार को चांदी ₹4,500 बढ़कर ₹1,10,000 प्रति किलोग्राम के सर्वकालिक उच्चस्तर पर थी।
चांदी की कीमतें 1,15,000 रुपये प्रति किलोग्राम के नए शिखर पर पहुंचीं (तस्वीर-istock)
चांदी ने तोड़ा हर रिकॉर्ड, सोने को पीछे छोड़ निवेशकों का ताबड़तोड़ रुख! (तस्वीर-istock)
सोने की कीमतों में भी हुई वृद्धि
अखिल भारतीय सर्राफा संघ के अनुसार 99.9% और 99.5% शुद्धता वाला सोना ₹200-200 बढ़कर क्रमशः ₹99,570 और ₹99,000 प्रति 10 ग्राम (सभी टैक्स सहित) पर पहुंच गया। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) में अगस्त डिलिवरी वाले सोने का कॉन्ट्रैक्ट भी ₹518 या 0.53% बढ़कर ₹98,336 प्रति 10 ग्राम हो गया।
चांदी ने तोड़ा हर रिकॉर्ड (तस्वीर-istock)
विश्लेषकों की राय और अंतरराष्ट्रीय बाजार का हाल
न्यूज एजेंसी भाषा के मुताबिक एचडीएफसी सिक्योरिटीज के वरिष्ठ विश्लेषक सौमिल गांधी ने कहा कि घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी की कीमतें रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई हैं, जिसका कारण निवेशकों का सोने से चांदी की ओर रुख है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर चांदी 1.71% बढ़कर $39.02 प्रति औंस और सोना मामूली बढ़कर $3,371.14 प्रति औंस हो गया है।
चांदी ने तोड़ा हर रिकॉर्ड, सोने को पीछे छोड़ निवेशकों का ताबड़तोड़ रुख! (तस्वीर-istock)
सुनहरे भविष्य की उम्मीदें और बाजार पर नजर
न्यूज एजेंसी भाषा के मुताबिक जेएम फाइनेंशियल के उपाध्यक्ष प्रणव मेर ने बताया कि शुल्क संबंधी अनिश्चितता, रूस-यूक्रेन युद्ध की संभावनाएं, तथा ईटीएफ निवेशकों और केंद्रीय बैंकों की मांग से सोने की कीमतों में तेजी आई है। उन्होंने कहा कि सप्ताह में अमेरिका, ब्रिटेन और यूरो क्षेत्र की महंगाई दर, खुदरा बिक्री और उपभोक्ता धारणा के आंकड़े बाजार की दिशा तय करेंगे।
चांदी ने तोड़ा हर रिकॉर्ड, सोने को पीछे छोड़ निवेशकों का ताबड़तोड़ रुख! (तस्वीर-istock)
सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ी
न्यूज एजेंसी भाषा के मुताबिक एलकेपी सिक्योरिटीज के जतिन त्रिवेदी ने बताया कि वैश्विक शुल्क तनाव और डॉलर की कमजोरी ने सोने को निवेशकों के लिए एक सुरक्षित विकल्प बना दिया है, जिससे इसकी मांग में वृद्धि हुई है। यह सभी कारक सर्राफा बाजार में सोने और चांदी की कीमतों को नई ऊंचाइयों पर ले जा रहे हैं।
