अगर आप अपनी बचत को सुरक्षित निवेश के साथ बेहतर रिटर्न में बदलना चाहते हैं तो फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) एक अच्छा विकल्प हो सकता है। देश के प्रमुख सरकारी बैंकों में शामिल पंजाब नेशनल बैंक (PNB) अपने ग्राहकों के लिए वर्तमान में दो स्पेशल एफडी स्कीम चला रहा है। आप भी इन दो एफडी स्कीम में निवेश कर सकते हैं। बैंक की 444 दिन और 666 दिन की स्पेशल एफडी स्कीम उन निवेशकों के लिए आकर्षक विकल्प बन सकती हैं, जो निश्चित अवधि के लिए बेहतर ब्याज दर का लाभ उठाना चाहते हैं।
पीएनबी की स्पेशल एफडी स्कीम (AI Generated Image)
इन दोनों स्कीमों में सामान्य ग्राहकों के साथ-साथ सीनियर सिटिजन और सुपर सीनियर सिटिजन को भी अलग-अलग ब्याज दरों का लाभ दिया जा रहा है। खास बात यह है कि सुपर सीनियर सिटिजन को सबसे अधिक ब्याज दर का फायदा मिलता है।
444 दिन की स्पेशल FD पर कितना ब्याज?
PNB की 444 दिन की स्पेशल एफडी स्कीम में सामान्य नागरिकों को 6.60% सालाना ब्याज दिया जा रहा है। वहीं, सीनियर सिटिजन को 7.10% और सुपर सीनियर सिटिजन को 7.40% सालाना ब्याज मिल रहा है।
666 दिन की स्पेशल FD पर ब्याज
वहीं, अगर कोई निवेशक थोड़ी लंबी अवधि के लिए पैसा जमा करना चाहता है तो वह 666 दिन की स्पेशल एफडी स्कीम का विकल्प चुन सकता है। इस योजना में सामान्य ग्राहकों को 6.50%, सीनियर सिटिजन को 7.00% और सुपर सीनियर सिटिजन को 7.30% सालाना ब्याज दिया जा रहा है।
हालांकि 444 दिन वाली स्कीम की तुलना में इस योजना की ब्याज दर थोड़ी कम है, लेकिन निवेशक अपनी जरूरत और वित्तीय लक्ष्य के अनुसार इनमें से किसी भी योजना को चुन सकते हैं।
| स्पेशल FD स्कीम | सामान्य नागरिक | सीनियर सिटिजन | सुपर सीनियर सिटिजन |
|---|---|---|---|
| 444 दिन | 6.60% | 7.10% | 7.40% |
| 666 दिन | 6.50% | 7.00% | 7.30% |
किन लोगों के लिए है ये स्कीम
यह स्पेशल एफडी स्कीम उन लोगों के लिए काम की साबित हो सकती है जो शेयर बाजार या म्यूचुअल फंड जैसे बाजार आधारित निवेशों का जोखिम नहीं लेना चाहते। रिटायर हो चुके लोगों, नियमित ब्याज आय चाहने वाले निवेशकों और सुरक्षित निवेश को प्राथमिकता देने वालों के लिए यह एक अच्छा विकल्प माना जा सकता है।
निवेश से पहले इन बातों का रखें ध्यान
एफडी में निवेश करने से पहले केवल ब्याज दर ही नहीं, बल्कि निवेश अवधि, समय से पहले एफडी तोड़ने (Premature Withdrawal) पर लगने वाले शुल्क, मैच्योरिटी विकल्प और टैक्स नियमों की भी जानकारी लेना जरूरी है। बैंक समय-समय पर अपनी ब्याज दरों में बदलाव कर सकते हैं, इसलिए निवेश करने से पहले नवीनतम दरों की पुष्टि कर लेना बेहतर रहेगा।
