टर्म इंश्योरेंस (Term Insurance) किसी भी व्यक्ति के वित्तीय पोर्टफोलियो का सबसे अहम हिस्सा होता है। यह एक ऐसा सुरक्षा कवच है जो आपके न रहने पर आपके परिवार को अचानक आने वाले आर्थिक संकट से बचाता है। पिछले कुछ सालों में मध्यमवर्गीय परिवारों के बीच 1 करोड़ रुपये के टर्म प्लान को एक आदर्श और सुरक्षित रकम मान लिया गया है। लेकिन वित्तीय विशेषज्ञों का मानना है कि आज से 10 या 15 साल पहले जो 1 करोड़ रुपये एक बहुत बड़ी और पर्याप्त रकम लगती थी, आज लगातार बढ़ती महंगाई (Inflation) के कारण उसकी वैल्यू काफी कम हो चुकी है। बच्चों की पढ़ाई, शादियों का खर्च, घर का राशन और मेडिकल का खर्च जिस रफ्तार से बढ़ रहा है, उसे देखते हुए बिना सोचे-समझे 1 करोड़ का प्लान लेना एक बड़ी भूल साबित हो सकता है। ऐसे में आइए जानते हैं आपको कितने का टर्म इंश्योरेंस लेना चाहिए?
कितने रुपए का लेना चाहिए टर्म इंश्योरेंस?
टर्म इंश्योरेंस का कवर तय करते समय 'महंगाई' सबसे बड़ा फैक्टर होना चाहिए। मान लीजिए कि आज आपके परिवार का मासिक खर्च 50,000 रुपये है, तो 6 फीसदी की सालाना महंगाई दर के हिसाब से अगले 15 साल बाद इसी जीवनशैली को बनाए रखने के लिए हर महीने लगभग 1.20 लाख रुपये की जरूरत होगी। अगर आप आज 1 करोड़ रुपये का टर्म प्लान लेते हैं और भविष्य में कोई अनहोनी हो जाती है, तो आपके परिवार को मिलने वाली यह रकम कुछ ही सालों में रोजमर्रा के खर्चों, बच्चों की उच्च शिक्षा और लोन चुकाने में खत्म हो जाएगी। इसलिए, बीमा लेते समय यह कभी न सोचें कि आज 1 करोड़ रुपये बहुत बड़ी रकम है, बल्कि यह सोचें कि आज से 20 साल बाद इस रकम की कीमत क्या होगी।
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इसके लिए फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स एक बहुत ही आसान और सटीक नियम बताते हैं, जिसे 'ह्यूमन लाइफ वैल्यू' (HLV) या थम्ब रूल कहा जाता है। इस नियम के मुताबिक, आपका टर्म इंश्योरेंस कवर आपकी मौजूदा सालाना आमदनी (Annual Income) का कम से कम 15 से 20 गुना होना चाहिए। उदाहरण के लिए, यदि आपकी सालाना सैलरी या कमाई 10 लाख रुपये है, तो आपके पास कम से कम 1.5 करोड़ से 2 करोड़ रुपये तक का टर्म इंश्योरेंस कवर होना ही चाहिए। यदि आपकी उम्र 30 वर्ष के आसपास है, तो यह कवर 20 से 25 गुना तक भी हो सकता है, क्योंकि आपके सामने अभी एक लंबी जिंदगी और कई बड़ी जिम्मेदारियां बाकी होती हैं।
इसके अलावा, इंश्योरेंस की रकम तय करते समय आपको अपनी मौजूदा देनदारियों यानी लोन और भविष्य के बड़े लक्ष्यों को भी जोड़ना चाहिए। अगर आपके ऊपर होम लोन, कार लोन या कोई पर्सनल लोन चल रहा है, तो आपकी इंश्योरेंस राशि इतनी होनी चाहिए कि आपके न रहने पर परिवार सबसे पहले उस कर्ज को चुका सके। इसके साथ ही बच्चों की पढ़ाई और उनकी शादी के लिए अनुमानित खर्च को भी इस कवर में शामिल करें। इन सबको जोड़ने के बाद जो कुल रकम बनती है, उसमें से अपनी मौजूदा बचत और निवेश को घटा दें। जो अंतिम आंकड़ा आएगा, वही आपके टर्म इंश्योरेंस का असली और सही कवर होगा।
