HDFC-HDFC Bank Merger: एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) एचडीएफसी (HDFC) के साथ तेजी से मर्जर प्रोसेस को आगे बढ़ा रहा है। इसी के तहत एचडीएफसी के न केवल सीनियर लीडर्स बल्कि एग्जेक्यूटिव मैनेजमेंट मेंबर्स नई यूनिट में शामिल होंगे। एचडीएफसी, जिसका एचडीएफसी बैंक में मर्जर हो गया है, के लगभग 70 फीसदी सीनियर मैनेजमेंट मेंबर्स पदों से हट जाएंगे। ऐसा नियमों के कारण होगा, जिनके अनुसार बैंक में सुपरएन्युएटेड एग्जेक्यूटिव्स को रखने की अनुमति नहीं होती।
एचडीएफसी के 70 फीसदी एग्जेक्यूटिव होंगे रिटायर
एचडीएफसी के सीनियर एग्जेक्यूटिव्स के न होने से इंटीग्रेटेड प्रोसेस के सुविधाजनक बनने की उम्मीद है, जिससे मर्जर प्रोसेस और सहज हो जाएगा और बैंक लीडरशिप इस प्रोसेस को चलाएगी।
केवल 3 लोगों को किया जाएगा शामिल
टीओआई की रिपोर्ट के अनुसार एचडीएफसी के टॉप 20 एग्जेक्यूटिव्स में से केवल तीन एचडीएफसी बैंक में शामिल होंगे। इन अधिकारियों में वी. श्रीनिवास रंगन (V. Srinivasa Rangan) भी शामिल हैं, जो बैंक के एग्जेक्यूटिव डायरेक्टर होंगे। बैंक में शामिल होने वाले सीनियर मैनेजमेंट के अन्य दो मेंबर्स में पूर्व चीफ लीगल ऑफिसर सुधीर झा और एचडीएफसी के कंपनी सेक्रेटरी अजय अग्रवाल हैं।
जानें कौन किस पॉजिशन पर रहेगा
टीओआई की रिपोर्ट के अनुसार दीपक पारेख डायरेक्टर नहीं रहेंगे, जबकि सीईओ केकी मिस्त्री और एमडी रेनू कर्नाड एग्जेक्यूटिव्स पदों से हटेंगे, मगर ये डायरेक्टर के तौर पर बरकरार रहेंगे। संभावना है कि रंगन ट्रेजरी से संबंधित मामलों में अपने बैकग्राउंड का उपयोग करेंगे, हालांकि बैंक ने अभी तक उनकी आधिकारिक भूमिका की घोषणा नहीं की है।
विलय के तहत लगभग आधा दर्जन सीनियर एग्जेक्यूटिव्स नई यूनिट के एडवाइजर के रूप में काम करना जारी रखेंगे, हालांकि वे आधिकारिक तौर पर बैंक में नहीं होंगे।
इन लोगों को जाना होगा बाहर
एग्जेक्यूटिव मैनेजमेंट के जो मेंबर्स पद छोड़ रहे हैं उनमें रीजनल हेड मधुमिता गांगुली, इंवेस्टर रिलेशन हेड कॉनराड डिसूजा, इंटरनल ऑडिट हेड सुरेश मेनन और चीफ रिस्क ऑफिसर मैथ्यू जोसेफ शामिल हैं।
इनके अलावा बैंक में शामिल नहीं होने वाले अन्य सीनियर एग्जेक्यूटिव्स में मर्जर और एक्विजिशन और फंड रेजिंग के सीनियर जनरल मैनेजर इन-चार्ज सत्रजीत भट्टाचार्य और कॉर्पोरेट कम्युनिकेशंस का नेतृत्व करने वाले सीनियर जनरल मैनेजर महेश शाह शामिल हैं।
