Budget 2024: फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (एफएंडओ) ट्रेडिंग से होने वाली इनकम पर ज्यादा टैक्स चुकाना पड़ सकता है। यूनियन बजट में इसके लिए सरकार एफएंडओ ऑप्शंस से हुई इनकम को लॉटरी या क्रिप्टोकरेंसी से हुई इनकम मान सकती है। फाइनेंशियल एक्सप्रेस की खबर में इसके बारे में बताया गया है। लॉटरी से हुई इनकम पर काफी ज्यादा टैक्स लगता है। यही स्थिति क्रिप्टोकरेंसी से हुई इनकम के साथ है।
फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस
टैक्स का नियम अभी क्या?
अभी F&O ट्रांजेक्शन से हुई कमाई को बिजनेस इनकम माना जाता है। इस पर इनवेस्टर्स के स्लैब के हिसाब से टैक्स लगता है। इसका मतलब है कि इनवेस्टर के लिए टैक्स के रेट 5 फीसदी, 20 फीसदी और 30 फीसदी हो सकते हैं। इसके अलावा एफएंडओ से हुए लॉस को दूसरी बिजनेस एक्टिविटीज के गेंस के साथ एडजस्ट करने की भी इजाजत होती है। यदि सरकार एफएंडओ ट्रांजेक्शन पर TDS लगाती है तो वह निवेश करने वालों को ट्रैक कर सकेगी।
किस वजह से टैक्स नियम में हो सकते हैं बदलाव
सरकार डेरिवेटिव मार्केट में रिटेल इनवेस्टर्स की बढ़ती दिलचस्पी से चिंतित है। मार्केट क्रैश करने पर इन रिटेल इनवेस्टर्स को बड़ा लॉस हो सकता है। पिछले पांच सालों में डेरिवेटिव मार्केट में रिटेल इनवेस्टर्स का पार्टिसिपेशन पांच गुना हो गया है।
