कौन हैं भारतीय मूल के आरोह बड़जात्या? जिन्होंने सूर्य ग्रहण के दौरान NASA के 'साउंडिंग रॉकेट' मिशन को किया था लीड

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Apr 11, 2024, 07:10 PM IST

Who is Aroh Barjatya: नासा ने सूर्य ग्रहण के दौरान वायुमंडल पर पड़ने वाले प्रभाव को समझने के लिए साउंडिंग रॉकेट मिशन भी लॉन्च किया था। इसके तहत नासा ने तीन साउंडिंग रॉकेट छोड़े थे। नासा के इस खास मिशन का नेतृत्व भारतीय मूल के आरोह बड़जात्या ने किया था।

Who is Aroh Barjatya: बीते 8 अप्रैल को दुनिया एक बड़ी खगोलीय घटना की गवाह बनी। इस दिन साल का पहला सूर्य ग्रहण दिखाई दिया। भारत तो नहीं, लेकिन अमेरिका, ब्रिटेन समेत कई यूरोपियन देशों ने भी अंतरिक्ष में घटी इस घटना का दीदार किया। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) ने सूर्य ग्रहण के दौरान लाइव स्ट्रीमिंग कर दुनिया को इस रोमांचित करने देने वाली घटना का दिखाया।

Aroh Barjatya

आरोह बड़जात्या (साभार- Linkedin)

इसके साथ ही नासा ने सूर्य ग्रहण के दौरान वायुमंडल पर पड़ने वाले प्रभाव को समझने के लिए साउंडिंग रॉकेट मिशन भी लॉन्च किया था। इसके तहत नासा ने तीन साउंडिंग रॉकेट छोड़े थे, ताकि यह अध्ययन किया जा सके कि जब पृथ्वी के एक हिस्से पर सूरज की रोशनी क्षण भर के लिए कम हो जाती है तो उसका ऊपरी वायुमंडल कैसे प्रभावित होता है। खास बात यह है कि नासा के इस खास मिशन का नेतृत्व भारतीय मूल के आरोह बड़जात्या ने किया था। वह फ्लोरिडा में एंब्री-रिडल एयरोनॉटिकल यूनिवर्सिटी में आभियांत्रिकी भौतिकी के प्रोफेसर और अंतरिक्ष और वायुमंडलीय उपकरण प्रयोगशाला के निदेशक हैं। आइए जानते हैं उनके बारे में...

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