US South Korea Military Drills: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा पेंटागन को सैन्य अभ्यास का आकार छोटा करने का निर्देश दिए जाने के कुछ ही घंटों बाद, दक्षिण कोरिया और अमेरिका ने सोमवार को अपना वार्षिक संयुक्त सैन्य अभ्यास 'उल्ची फ्रीडम शील्ड' शुरू कर दिया है। दक्षिण कोरियाई रक्षा मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि 11 दिनों तक चलने वाला यह अभ्यास योजना के अनुसार ही आगे बढ़ रहा है।
अमेरिका-दक्षिण कोरिया का संयुक्त सैन्य अभ्यास शुरू, ट्रंप ने पहले किम जोंग-उन को दोस्त बताते हुए की थी कटौती
ट्रंप ने क्यों दिया अभ्यास छोटा करने का आदेश?
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म टूथ सोशल (Truth Social) पर लिखा कि बड़े पैमाने पर होने वाले ये वार्षिक सैन्य अभ्यास उत्तर कोरिया को एक 'अनुचित और आक्रामक संकेत' भेजते हैं। लेकिन इसे छोटा करने के क्या हो सकते हैं कारण?
किम जोंग उन से बेहतर संबंध: ट्रंप ने कहा कि उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन के साथ उनके 'बहुत अच्छे संबंध' हैं और जब तक वे राष्ट्रपति रहे हैं, उत्तर कोरिया 'सम्मानजनक और शांत' रहा है।
अत्यधिक खर्च: ट्रंप ने तर्क दिया कि ये सैन्य अभ्यास न केवल अत्यधिक खर्चीले हैं, बल्कि इसका अधिकांश खर्च भी अमेरिका को ही उठाना पड़ता है।
रक्षा मंत्री को निर्देश: ट्रंप ने कहा कि चूंकि अभ्यास को पूरी तरह से रद्द करने में देर हो चुकी थी, इसलिए उन्होंने रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ को इस अभ्यास के आकार में
'बड़ी कटौती' करने का निर्देश दिया है।
ईरान और दक्षिण कोरिया के इनकार का भी जिक्र
ट्रंप ने अपने बयान में एक और चौंकाने वाला दावा करते हुए दक्षिण कोरिया द्वारा ईरान युद्ध में अमेरिका का साथ न देने की बात कही। ट्रंप ने लिखा, 'भले ही यह थोड़ा अलग मुद्दा है, लेकिन हाल ही में मैंने दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति से पूछा था कि क्या वे ईरान के परमाणु निरस्त्रीकरण में हमारे साथ शामिल होना चाहेंगे, जिस पर उन्होंने कहा- 'नहीं, धन्यवाद!'
इसके अलावा परमाणु हथियारों से लैस उत्तर कोरिया हमेशा से इन अभ्यासों का विरोध करता रहा है और इन्हें अपने खिलाफ आक्रमण की पूर्वाभ्यास बताता आया है।
दक्षिण कोरिया में 28,500 अमेरिकी सैनिक तैनात
1950-53 के कोरियाई युद्ध के बाद से ही दक्षिण कोरिया में लगभग 28,500 अमेरिकी सैनिक तैनात हैं, जो उत्तर कोरियाई खतरे से देश की रक्षा में मदद करते हैं। फिलहाल सियोल के रक्षा मंत्रालय ने अभ्यास के संचालन की पुष्टि की है, लेकिन ट्रंप के निर्देश के बाद इसमें क्या बदलाव किए जाएंगे, यह अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हुआ है।
