Bashar Al Assad Plane Crash: सीरिया में विद्रोहियों द्वारा तख्तापलट के बीच बड़ी खबर सामने आ रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, राष्ट्रपति बशर अल-असद की प्लेन क्रैश में मौत हो गई है। यह हादसा तब हुआ, जब विद्रोहियों द्वारा दमिश्क पर कब्जा किए जाने से पहले राष्ट्रपति असद देश छोड़कर भाग रहे थे। उड़ान भरने के कुछ देर बार उनका विमान रडार से गायब हो गया। इसके बाद प्लेन के क्रैश होने की खबर सामने आई। हालांकि, इस घटना की पुष्टि अभी तक किसी की ओर से नहीं की गई है।
सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल-असद की मौत!
इतना जरूर कहा जा रहा है कि राष्ट्रपति असद विशेष विमान से अज्ञात स्थान के लिए रवाना हुए थे। इसको लेकर सीरिया के प्रधानमंत्री गाजी जलाली का भी बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि राष्ट्रपति असद और सीरिया के रक्षामंत्री के बारे में कोई जानकारी नहीं है। सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार राष्ट्रपति असद की तलाश में सक्रियता से काम चल रहा है और विद्रोही उनके सैन्य और खुफिया अधिकारियों से पूछताछ कर रहे हैं।
तख्तापलट के बाद राष्ट्रपति को किसी ने नहीं देखा
बता दें, सीरियाई विद्रोहियों ने देश के कई शहरों पर कब्जा जमाने के बाद दमिश्क की तरफ रुख किया था। इसके बाद राष्ट्रपति असद ने देश छोड़ दिया। एक सूत्र ने आउटलेट को बताया कि विद्रोही उनकी गतिविधियों का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं, क्योंकि रविवार की सुबह कथित तौर पर वे जेट से राजधानी से भाग गए थे। विद्रोहियों द्वारा राजधानी शहर पर हमला किए जाने के बाद से राष्ट्रपति को न तो देखा गया है और न ही उनके बारे में सुना गया है।
असद परिवार के 50 साल के शासन का अंत
सीरिया में रविवार को राष्ट्रपति बशर अल-असद के 50 साल के शासन का अंत हो गया। सीरियाई सरकारी टैलीविजन चैनल ने कुछ लोगों के एक समूह का वीडियो बयान प्रसारित किया है जिसमें वे कहते नजर आ रहे हैं कि राष्ट्रपति बशर असद को सत्ता से बाहर कर दिया गया है और सभी कैदियों को रिहा करा दिया गया है। उधर, सीरिया के प्रधानमंत्री मोहम्मद गाजी जलाली ने एक वीडियो बयान जारी किया है। इसमें उन्होंने कहा है कि वह शासन की बागडोर शांतिपूर्ण तरीके से विपक्ष को सौंपने को तैयार हैं। जलाली ने कहा, मैं अपने आवास पर ही हूं और कहीं नहीं गया हूं और यह इसलिए क्योंकि मुझे अपने देश से प्रेम है। उन्होंने कहा कि वह सुबह काम करने के लिए अपने कार्यालय जाएंगे साथ ही उन्होंने सीरियाई नागरिकों से सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान न पहुंचाने का आग्रह किया।
