Abdulla Shahid arrested- मालदीव की राजनीति से इस वक्त की सबसे बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है। देश के प्रमुख विपक्षी दल 'मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी' (MDP) के अध्यक्ष, पूर्व विदेश मंत्री और संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के पूर्व अध्यक्ष अब्दुल्ला शाहिद (Abdulla Shahid) को पुलिस ने एक नाबालिग के यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोपों के तहत गिरफ्तार कर लिया है। इस हाई-प्रोफाइल गिरफ्तारी के बाद से हिंद महासागर के इस द्वीपीय देश के राजनीतिक गलियारों में भारी भूचाल आ गया है।
अब्दुल्ला शाहिद गिरफ्तार (LinkedIn)
गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई
मालदीव पुलिस मुख्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, अदालत द्वारा जारी आधिकारिक गिरफ्तारी वारंट और पुलिस रेगुलेशन्स की धारा 18 के तहत यह सख्त कार्रवाई की गई है। पुलिस के मुताबिक, यह मामला किसी नाबालिग बच्चे के साथ यौन शोषण और उत्पीड़न से जुड़ा है, जो कानून की नजर में एक गंभीर और गैर-जमानती अपराध की श्रेणी में आता है। पुलिस ने साक्ष्यों और शिकायतों के आधार पर तेजी से कदम उठाते हुए शाहिद को हिरासत में लिया है और इस समय मामले से जुड़े हर एक पहलू की गहनता से जांच की जा रही है।
अब्दुल्ला शाहिद का बयान और राजनीतिक साजिश का दावा
गिरफ्तारी से ठीक पहले या शुरुआती जांच के दौरान, अब्दुल्ला शाहिद और उनके करीबियों ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज किया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' और पार्टी बयानों के जरिए शाहिद ने इन तमाम आरोपों को बेबुनियाद बताया है। उन्होंने इसे अपनी राजनीतिक छवि को धूमिल करने और विपक्षी पार्टी की बढ़ती ताकत को कमजोर करने के लिए रची गई एक राजनीतिक रूप से प्रेरित साजिश करार दिया है। उनकी पार्टी (MDP) ने भी इस कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं और इसे मौजूदा सरकार द्वारा विरोधियों की आवाज दबाने का एक हथकंडा बताया है।
अब्दुल्ला शाहिद का राजनीतिक कद
अब्दुल्ला शाहिद मालदीव के सबसे अनुभवी, वरिष्ठ और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जाने-माने राजनेताओं में से एक हैं। वह मालदीव के विदेश मंत्री के रूप में देश की कमान संभाल चुके हैं। इसके अलावा, वह प्रतिष्ठित संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के अध्यक्ष भी रह चुके हैं, जिसके कारण इस गिरफ्तारी की गूंज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सुनाई दे रही है।
मालदीव की राजनीति पर इसका असर
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब मालदीव की राजनीति में अंदरूनी उठापटक काफी तेज है। एमडीपी (MDP) पार्टी राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू की नीतियों के खिलाफ लगातार मुखर है और आगामी राजनीतिक चुनौतियों की तैयारी कर रही है। ऐसे समय में पार्टी के शीर्ष नेता का इस तरह के गंभीर मामले में फंसना विपक्षी मोर्चे के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।
अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि कोर्ट में पुलिस क्या सबूत पेश करती है और आने वाले दिनों में यह मामला मालदीव के सत्ता और विपक्ष के समीकरण को किस दिशा में मोड़ता है।
