Parle-G Viral Ad: हमारे दैनिक जीवन में टीवी पर आने वाले विज्ञापनों का बहुत गहरा प्रभाव पड़ता है। कहा जाता है, फिल्म या विज्ञापन उस आईने की तरह हैं जो समाज को नई दिशा दिखाने का काम करते हैं। शायद इसी बात को ध्यान में रखकर बहुचर्चित Parle-G ब्रांड ने एक ऐसा टीवी विज्ञापन प्रसारित किया जिसे देखकर लोग तारीफ करते नहीं थक रहे हैं। वैसे तो ये विज्ञापन मार्केटिंग प्रक्रिया का ही हिस्सा है, मगर आपके पसंदीदा बिस्किट ब्रांड ने इसमें इमोशन कूट-कूट कर डाले हैं। यही वजह है कि, इस विज्ञापन ने कुछ ही दिनों में लोगों के दिल और दिमाग पर अमिट छाप छोड़ी है। तकरीबन 3 मिनट 47 सेकंड के इस विज्ञापन में बच्चों और पेड़-पौधों के बीच के कनेक्शन को बखूबी दिखाया गया है। गौरतलब है कि, इस वीडियो की समय-सीमा ज्यादा है इसलिए संभवत: आप इसे टीवी पर न देख पाएं मगर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर ये वीडियो खूब ट्रेंड कर रहा है।
Parle-G के विज्ञापन में क्या है
इस विज्ञापन में आप देख सकते हैं- स्कूल की एक महिला हेड मास्टर (जो कि गणित की टीचर हैं) 1995 के अपने सबसे पहले बैच की यादों को एक ‘गार्डन’ के तौर पर संभाल कर रखती हैं। हुआ कुछ यूं कि, जब उनका पढ़ाया हुआ पहला बैच पास हुआ तो सभी बच्चों ने उनको एक-एक पौधा गिफ्ट दिया। अब उनके रिटायरमेंट को केवल 24 घंटे बचे हैं। 2025 बैच की एक स्टूडेंट (जो कि टेनिस प्लेयर है) के साथ वो कुछ बातचीत कर रही होती हैं। तभी वो बच्ची स्कूल कैंपस में बने गार्डन में उनके साथ जाती है और पेड़ों के बारे में पूछती है तो इमोशनल होकर हेड मास्टर उसे पूरी सच्चाई बताती हैं और कौन सा पेड़ किस स्टूडेंट ने गिफ्ट किया ये भी बताती हैं। Parle-G खा रही वो स्टूडेंट अपनी हेड मास्टर को इमोशनल देख सोच में पड़ जाती है। तभी उसे याद आता है कि, अगले ही दिन मैम का रिटायरमेंट है। अगले दिन वो 1995 बैच के बच्चों को वापस बुलाकर मैम को सरप्राइज़ दे देती है। अब आपने इतना जान ही लिया तो एक बार वीडियो भी देख लीजिए:कई भाषाओं में रिलीज हुआ वीडियो
Parle ने इस 29 अगस्त को अपने यूट्यूब चैनल पर इस विज्ञापन को रिलीज किया था। दावा किया जा रहा है कि, शिक्षक दिवस को ध्यान में रखकर ये विज्ञापन बनाया गया है। इसे हिंदी, कन्नड़, मलयालम, तमिल और तेलुगु भाषा में अनुवादित भी किया गया है। 3 मिनट 47 सेकंड के इस विज्ञापन के रूप में यूजर्स को सोशल मीडिया पर बेहद मार्मिक चीज मिली जिसकी चर्चा ने अब जोर पकड़ लिया है।Parle-G ने जीते कई यूजर्स के दिल
- सोशल मीडिया मंच एक्स पर राज्यसभा के सांसद सतनाम सिंह संधू ने प्रतिक्रिया देते हुए लिखा कि, 'पेड़ बच्चों का रूप होते हैं? यह Parle G के Ad में देखिए बच्चों का अपने गुरु से ख़ास सम्बंध। टीचर का अपने शिष्यों की तरफ़ ऐसा लगाव! भारत की संस्कृति में माता पिता के बाद सबसे बड़ा गुरुओं का दर्जा होता है। ये वीडियो देखकर मुझे मेरे गुरू और टीचर याद आ गये जिन्होंने मुझे जीवन की कठिनाइयों से लड़ने के लिए सक्षम बनाया और सफलता की ओर मार्गदर्शन किया।'
- दूसरे यूजर ने लिखा कि, 'वाकई दिल को छू लेने वाला वीडियो! ये सिर्फ पारले जी का विज्ञापन नहीं है, बल्कि पेड़ लगाने के महत्व के बारे में एक शक्तिशाली संदेश है. इस सार्थक कॉन्टेंट को बनाने के लिए मुंबई की रेणु करवा-सोमानी को बधाई।'
- तीसरे यूजर ने लिखा कि, 'पारले जी का बढ़िया विज्ञापन. इसे देखने के बाद अपने स्कूल या कॉलेज के शिक्षक के बारे में न सोचना बहुत मुश्किल है!'
- चौथे यूजर ने लिखा कि, 'दिल को छू लेने वाला वीडियो! ये सिर्फ पारले जी का ऐड नहीं है- ये इस बात की याद दिलाता है कि पेड़ लगाना इतना जरूरी क्यों है. मुंबई की रेणु करवा-सोमानी को इतना सार्थक वीडियो बनाने के लिए धन्यवाद, जो दिखाता है कि कैसे हर पेड़ हमारे ग्रह की मदद करता है. बहुत बढ़िया काम!'
बता दें कि, यह पहली बार नहीं जब किसी ब्रांड का कोई वीडियो इतना चर्चा में आया है। इससे पहले भी कई ब्रांड्स ने मार्केटिंग के लिए ऐसे मार्मिक विज्ञापन बनाए हैं। कभी कोई वाशिंग पाउडर तो कभी ज्वैलरी ब्रांड...कमोबेश हर ब्रांड अपने विज्ञापनों को इमोशनल टच देकर उसे मार्मिक बनाता है।
(डिस्क्लेमर: टाइम्स नाउ नवभारत इस खबर के माध्यम से किसी भी ब्रांड/प्रोडक्ट/उत्पाद/कंपनी का प्रचार नहीं करता है।)
