Rome Colosseum Viral News : ऐतिहासिक स्थलों पर प्राय: आपने देखा होगा कि वहां पर्यटकों को धरोहरों पर कुछ लिखने की मनाही होती है, लेकिन फिर प्रेमी युगल वहां लगे पेड़-पौधे और इमारतों पर कुछ न कुछ लिख देते हैं। हालांकि स्थानीय प्रबंधन और वहां मौजूद सुरक्षाकर्मी इस बात का पूरा ध्यान देते हैं कि, कोई भी ऐतिहासिक धरोहरों को किसी प्रकार से गंदा न करें लेकिन इसका पर्यटकों पर कोई फायदा होते नहीं दिखता है। ऐसा ही एक मामला इन दिनों सुर्खियों में आ गया है, जिसकी सोशल मीडिया पर काफी ज्यादा चर्चा हो रही है।
रोम की कोलिजीयम के पास खड़ा कपल। (फोटो क्रेडिट - Daily Mail)
ये है पूरा मामला
इंडिपेंडेंट यूके की रिपोर्ट कहती है कि, इटली में एक कपल ने पिछले हफ्ते रोम के प्रचीन कोलिजीयम पर अपने नाम लिख दिए, जिसके बाद इसका वीडियो सोशल मीडिया पर काफी ज्यादा वायरल हो रहा है। प्राचीन स्थल की दीवार को खराब कर उसकी गरिमा को ठेस पहुंचाने की बातें कहकर सोशल मीडिया पर लोगों ने कपल की आलोचना करनी शुरू कर दी। मामले ने जब काफी तूल पकड़ा तो पुलिस ने इनकी तलाश शुरू की जिसमें उन्हें सफलता मिली और दोनों की पहचान कर ली गई। कपल में युवक की पहचान ब्रिटेन निवासी फिटनेस ट्रेनर के रूप में हुई है। वहीं, डेली टेलीग्राफ की रिपोर्ट में शख्स का नाम बुल्गारिया निवासी इवान दमित्रोव बताया गया है।
2000 साल पुरानी को किया खराब
रोम स्थित कोलिजीयम यूनेस्को वर्ल्ड हेरिटेज साइट में शामिल है। बता दें कि, यहां पर तलवारबाजी, जानवरों से लड़ने जैसे युद्ध हुआ करते थे। दावा किया जा रहा है कि युवक ने 2000 साल पुरानी इमारत पर अपना और अपनी गर्लफ्रेंड का नाम 'Ivan + Hayley 23' चाभी से लिखा। ये देखकर वहां मौजूद दूसरे लोग काफी नाराज हो गए और उनका वीडियो बनाकर यूट्यूब पर डाल दिया। वीडिया के वायरल होते ही इटली की पुलिस हरकत में आई और युवक के घर नोटिस भेजा। बताया जा रहा है कि, अगर उसे ऐतिहासिक धरोहर को नुकसान पहुंचाने का जिम्मेदार एक दोषी के तौर ठहराया जाता है तो उसे 15,000 यूरो (करीब 13 लाख रुपये) का जुर्माना देना पड़ सकता है।
नेताओं ने क्या प्रतिक्रिया दी
इस पूरे मामले के प्रकाश में आते ही वहां पर नेताओं ने भी प्रतिक्रिया देना शुरू कर दिया। इसी क्रम में इटली के संस्कृति मंत्री गेनारो सांगिउलिआनो ने पुलिस का आभार जताया। उन्होंने कहा है कि, 'कपल ने दुनिया भर के उन सभी लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंचाई है, जो पुरातत्व, स्मारकों और इतिहास के मूल्य की सराहना करते हैं। दोनों लोगों के खिलाफ कानून सख्ती से निपटेगा इसकी उम्मीद करता हूं।'
