कहते हैं कि सच्चा प्यार सिर्फ साथ रहने का नाम नहीं है। किसी अपने के चले जाने के बाद भी उसकी यादों को दिल में जिंदा रखना भी प्यार की एक खूबसूरत निशानी है। बेंगलुरु के एक बुजुर्ग ऑटो ड्राइवर की कहानी इन दिनों सोशल मीडिया (Social Media) पर लोगों को भावुक कर रही है। बताया जा रहा है कि इस बुजुर्ग की पत्नी को गुजरे 8 साल हो चुके हैं, लेकिन उनका रिश्ता आज भी उनके लिए उतना ही खास है। वह हर सुबह अपना ऑटो लेकर घर से निकलने से पहले एक छोटा सा काम जरूर करते हैं। वह ऑटो के अंदर रखी अपनी पत्नी की तस्वीर के पास ताजे फूल रखते हैं और फिर अपना दिन शुरू करते हैं।
पत्नी की याद में हर सुबह तस्वीर पर फूल चढ़ाता है बुजुर्ग (Instagram/@asishmatthew.exe)
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पत्नी की तस्वीर के सामने रखता है फूल
इस दिल छू लेने वाली कहानी को वीडियो (Video) के जरिए कंटेंट क्रिएटर आशीष मैथ्यू ने सोशल मीडिया पर शेयर किया। उन्होंने बेंगलुरु के इंदिरानगर में ट्रैफिक सिग्नल पर बुजुर्ग ऑटो ड्राइवर को देखा था। मैथ्यू की नजर जब ऑटो के अंदर गई तो उन्होंने बुजुर्ग को फूल सजाते हुए देखा। उन्होंने उत्सुकता से उनसे पूछा कि वह फूल किसके लिए रख रहे हैं। बुजुर्ग ने ऑटो में लगी एक तस्वीर की तरफ इशारा किया। वह तस्वीर उनकी दिवंगत पत्नी की थी। यह छोटा सा पल देखने में भले ही साधारण लगे, लेकिन इसके पीछे छिपी भावनाएं लोगों के दिल को छू गईं।
बेटे ने काम छोड़ने को कहा, लेकिन...
बताया गया कि बुजुर्ग के बेटे ने उनसे ऑटो चलाना छोड़कर घर पर आराम करने को कहा है। उनके छह पोते-पोतियां भी हैं। यानी उनके पास परिवार के साथ समय बिताने की पूरी वजह है लेकिन बुजुर्ग ने अभी काम करना नहीं छोड़ा है। उनके लिए ऑटो चलाना सिर्फ पैसे कमाने का जरिया नहीं है। लोगों से मिलना, शहर में घूमना और खुद को व्यस्त रखना उन्हें पत्नी के जाने के बाद पैदा हुई खालीपन की भावना से निपटने में मदद करता है।
सोशल मीडिया पर भावुक हुए लोग
इस कहानी को देखने के बाद सोशल मीडिया यूजर्स भी भावुक हो गए। कई लोगों ने इसे सच्चे प्यार की मिसाल बताया। एक यूजर ने अपने बचपन की याद साझा करते हुए बताया कि उनके पिता अपनी पत्नी के लिए रोज सुबह चाय बनाया करते थे और पत्नी के निधन के बाद भी यह आदत जारी रही। वहीं, एक अन्य यूजर ने लिखा कि आज के समय में ऐसा प्यार किसी परी की कहानी जैसा लगता है। कई लोगों ने कहा कि यह बुजुर्ग हर दिन अपनी पत्नी को याद करके यह साबित करते हैं कि किसी इंसान के चले जाने से उसके साथ जुड़ी मोहब्बत खत्म नहीं होती। शायद यही वजह है कि बेंगलुरु के इस बुजुर्ग ऑटो ड्राइवर की छोटी सी सुबह की रस्म ने हजारों लोगों का दिल छू लिया। आठ साल गुजर गए, लेकिन उनकी मोहब्बत आज भी हर सुबह ताजे फूलों की तरह खिलती है।
डिस्क्लेमर: इस खबर में दी गई जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट पर आधारित है। टाइम्स नाउ नवभारत किसी भी प्रकार के दावे की पुष्टि नहीं करता है।
