हम हर रोज अपनी आम बोलचाल की भाषा में कई ऐसे शब्द बोल जाते हैं, जो ना तो हिंदी की होती है और ना ही वह हमारी स्थानीय भाषा होती है। मगर वे शब्द इतने प्रचलित होते हैं कि हम उन्हें हमेशा उसी नाम से पुकारते हैं, जो दूसरे भाषा की है। ऐसा ही एक शब्द है, 'अनार', जो कि एक फल है।
अनार (सांकेतिक तस्वीर, Image Credit - iStock)
क्या आपको पता है अनार की हिंदी
आपको अब तक यही पता होगा कि अनार हिंदी का शब्द है, मगर आपको बता दें कि अनार हिंदी का शब्द नहीं बल्कि एक फारसी शब्द है। जिसे हम अपने रोज की जिंदगी में बोलचाल की भाषा में इस्तेमाल करते हैं। आपमें से बहुत ही कम लोगों को अनार की शुद्ध हिंदी पता होगी। हो सकता है कि कुछ लोग इसकी हिंदी जानते हों लेकिन एक बहुत बड़ी आबादी को अनार की शुद्ध हिंदी नहीं मालूम होगी। अगर आपको भी यह नहीं पता कि अनार को हिंदी में क्या कहते हैं, तो चलिए आज हम आपको बता देते हैं कि अनार की हिंदी में क्या कहा जाता है।
अनार (सांकेतिक तस्वीर, Image Credit - iStock)
हिंदी में अनार को क्या कहते हैं?
दरअसल, अनार को हिंदी में “दाड़िम” या “दाडिम” कहा जाता है। ये शब्द आयुर्वेद और पुराने संस्कृत ग्रंथों में अनार नामक फल का उल्लेख करते हैं। प्राचीन भारत में अनार को दाड़िम ही कहा जाता था लेकिन समय के साथ जब फारसी भाषा का प्रभाव भारत में बढ़ा, तो “अनार” शब्द ज्यादा प्रचलित हो गया और धीरे-धीरे आम बोलचाल में यही नाम इस्तेमाल होने लगा।
अनार (सांकेतिक तस्वीर, Image Credit - iStock)
अनार नाम कैसे पड़ा?
फारसी भाषा में “अनार” शब्द का इस्तेमाल इसी लाल दानों वाले फल के लिए किया जाता था। मुगल काल और उससे पहले के समय में फारसी भाषा का भारत में काफी प्रभाव था। उसी दौरान कई फारसी शब्द हिंदी और उर्दू में शामिल हो गए। इन्हीं में से एक शब्द अनार भी है, जो आज हिंदी में इतना आम हो गया है कि लोग इसका असली नाम भूल गए हैं।
